पिथौरागढ़। वंचित राज्य आंदोलनकारियों ने चिह्नांकन न होने पर गहरा आक्रोश व्यक्त किया है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि जल्द प्रक्रिया शुरू नहीं हुई तो वे सड़कों पर उतरकर आंदोलन करेंगे।
आंदोलनकारियों ने नगर के एक होटल में बैठक की। उन्होंने बताया कि राज्य गठन के लिए हुए आंदोलन में उन्होंने सक्रिय भूमिका निभाई थी। इसके बावजूद उन्हें अभी तक राज्य आंदोलनकारी का दर्जा नहीं मिल पाया है। उनकी ओर से कई बार चिह्नांकन की मांग की गई है लेकिन इस संबंध में कोई सुनवाई नहीं हुई। सभी ने मिलकर छह अक्तूबर को जिलाधिकारी के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजने का फैसला किया है। यहां उमा पांडे, पार्वती भट्ट, मीनू पुनेड़ा, राजेंद्र पांडे, गोविंद बोहरा, राम सिंह बिष्ट, सुरेश जोशी, जीवन फुलेरा और रघुवीर सिंह आदि उपस्थित थे।