आम बजट पेश हो गया है। यह तो पहले से तय था कि उत्तराखंड में चुनाव होने के कारण बजट में राज्य के हिस्से कुछ आने वाला नहीं है। फिर भी पूरे देश के संदर्भ में बजट में जो व्यवस्थाएं दी गई है, उसका अधिकांश लोगों ने स्वागत किया है, लेकिन राज्य के हिस्से कुछ न आने से लोगों में निराश है।
महंगाई रोकने के उपाय नहीं किए
नगर के जगदंबा कालोनी निवासी गृहणी हरिप्रिया जोशी का कहना है कि बजट में महंगाई रोकने जैसे कदमों पर कम ध्यान दिया गया है। यदि महंगाई कम होती तो आम लोगों को राहत मिलती। आवश्यक वस्तुओं की कीमतें नियंत्रित करने के प्रयास होने चाहिए।
गरीबों के लिए मकान की योजना स्वागतयोग्य
सरस्वती विहार निवासी गृहणी पार्वती जोशी ने कहा कि गरीबों के लिए मकान की योजना स्वागत योग्य है, लेकिन सरकार को इसके लिए मानक सरल करने पड़ेंगे। यदि लाभार्थी चयन की प्रक्रिया जटिल होगी तो इसका लाभ गरीबों को नहीं मिल पाएगा।
आयकर छूट का लाभ सभी को मिलेगा
सिमलगैर की व्यवसायी सलमा ने कहा कि आयकर में दी गई छूट का लाभ सभी को मिलेगा। बजट में आयकर की सीमा बढ़ाना अच्छा कदम है। इसकी सीमा को और बढ़ाया जाना चाहिए। इससे सभी को राहत मिलेगी।
स्वास्थ्य सेवाओं पर ज्यादा ध्यान देने की जरूरत
सिमलगैर के व्यापारी रोहित पांडे ने कहा कि गुजरात और झारखंड में एम्स खोलने की मंजूरी मिली है। चुनाव के बाद उत्तराखंड के लिए भी अलग से स्वास्थ्य सेवा में सुधार की व्यवस्था होनी चाहिए।
महंगाई से राहत के प्रयास कम
भदेलवाड़ा निवासी व्यवसायी भुवन भट्ट का कहना है कि वित्त मंत्री ने सभी वर्गों को संतुष्ट करने की कोशिश तो की है, लेकिन महंगाई रोकने के लिए ठोस उपाय नहीं किए। महंगाई से त्रस्त जनता को राहत मिलनी चाहिए।
कुछ खास सेक्टर को ज्यादा फायदा
बस्ते निवासी बीमा एजेंट कैलाश बस्तियाल का कहना है कि बजट में कुछ खास सेक्टर को फायदा होगा। यह बात देखने वाली है कि इसका असर देश के गरीबों पर कितना पड़ता है।