पिथौरागढ़ नगर में बारिश के बाद छाता ओढ़कर आवाजाही करते लोग। संवाद
पिथौरागढ़/गणाई गंगोली/अस्कोट। सीमांत जिले में फिर से मौसम ने करवट बदली। जिला मुख्यालय सहित जिले के अन्य हिस्सों में अंधड़ के साथ बारिश हुई इससे फल-सब्जियों को काफी नुकसान पहुंचा है। बारिश के बाद तापमान गिरने से फिर से ठंड लौटी हैै और लोग ऊनी कपड़े निकालने के लिए मजबूर हैं।
बृहस्पतिवार को जिला मुख्यालय सहित जनपद के गणाई गंगोली, अस्कोट, कनालीछीना आदि इलाकों में दोपहर को अंधड़ के साथ भारी बारिश हुई इससे जनजीवन प्रभावित रहा। लोग घरों को दौड़े तो बाजारों में सुनसानी छा गई। गणाई गंगोली क्षेत्र में अंधड़ से आम, लीची, अमरूद, नींबू, अंगूर, खुमानी, आड़ू आदि फलों और सब्जियों को काफी नुकसान पहुंचा है। ग्राम प्रधान कमल उपाध्याय, नीरज सूंठा, हरीश डसीला, प्रकाश पांडेय, सुनील बोरा, मनोज कुमार, मनीषा बोरा, नवीन लाल आदि ने नुकसान का आकलन कर प्रभावितों को मुआवजा देने की मांग की है। अस्कोट, कनालीछीना क्षेत्र में भी अंधड़ के साथ भारी बारिश होने से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया।
जलस्रोतों को फायदा
किसानों का कहना है कि लगातार बारिश के कारण खेतों में बोई गई फसलों को पर्याप्त तापमान नहीं मिलने से बीज अंकुरित नहीं हो पा रहे हैं हालांकि बारिश से जलस्रोतों को फायदा हो रहा है और जंगलों में लग रही आग भी नियंत्रित हुई है। वहीं बारिश के बाद तापमान में भी पांच डिग्री की गिरावट आने से ठंड का असर बढ़ गया है। आपदा प्रबंधन विभाग के मुताबिक, बीते बुधवार को जिले का अधिकतम तापमान 27 डिग्री था। बृहस्पतिवार को पांच डिग्री की गिरावट आने के बाद तापमान 22 डिग्री पहुंचा है।