सीमांत क्षेत्र विकास कार्यक्रम (बीएडीपी) की धनराशि को जिले से बाहर दिए जाने के खिलाफ सोमवार को भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं ने जिलाधिकारी कार्यालय के सामने प्रदर्शन किया और मामले की जांच की मांग की। भाजपा का आरोप है कि मुनस्यारी के युवाओं को राफ्टिंग और स्कीइंग का प्रशिक्षण देने के लिए बीएडीपी से 14 लाख रुपए की राशि मंजूर हुई थी लेकिन इस राशि को चंपावत जिले में भेज दिया गया है।
प्रदर्शन के बाद जिलाधिकारी को सौंपे ज्ञापन में कहा गया है कि रिवर राफ्टिंग और स्कीइंग प्रशिक्षण के लिए बीएडीपी से 14 लाख रुपए की राशि मुनस्यारी विकासखंड को मिली थी लेकिन अफसरों की मिलीभगत से यह धनराशि चंपावत की किसी संस्था को दे दी गई है। भाजपा जिला प्रवक्ता जगत मर्तोलिया ने कहा कि मुनस्यारी के लिए मिली धनराशि को दूसरे जिले में दिया जाना नियम के खिलाफ है। उन्होंने कहा है कि कुमाऊं मंडल विकास निगम ही रिवर राफ्टिंग और स्कीइंग का प्रशिक्षण कराती है लेकिन किसी अन्य संस्था को मनमाने तरीके से धनराशि दिया जाना गलत है। उन्होंने इस मामले की जांच करने और दोषी अफसरों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। जिलाधिकारी सुशील कुमार ने कहा है कि इस मामले की जांच कराई जाएगी। प्रदर्शन में दिनेश राणा, पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष कमलेश वल्दिया, ललित चुफाल, धीरेंद्र रावत, कवींद्र कोश्यारी, दीपक कुमार, गौरव सौन, त्रिभुवन राणा, गोविंद, हरीश, ललित, विजय, मनोज, धीरज, यशवंत सिंह आदि थे।