फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Pithoragarh News: चीनी मिलों में पहुंचेगा पिथौरागढ़ के जंगलों का पिरूल, रुकेगी वनाग्नि

Wed, 21 Jan 2026 10:46 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
विज्ञापन
पिथौरागढ़ कलक्ट्रेट सभागार में फायर सीजन की तैयारियों को लेकर आयोजित बैठक में डीएम आशीष भटगांई
विज्ञापन
पिथौरागढ़। अब पिथौरागढ़ के जंगलों का पिरूल मैदानी क्षेत्रों में संचालित चीनी की मिलों में पहुंचाया जाएगा। इससे वनाग्नि की घटनाओं पर रोक लगेगी। प्रशासन की पहल पर यह योजना धरातल पर उतरेगी और इसके लिए चीनी मिलों के साथ एमओयू होगा। फायर सीजन नजदीक आते ही प्रशासन और वन विभाग वनाग्नि की घटनाओं को रोकने की तैयारी में जुट गए हैं। इसके लिए जिले में 68 क्रू स्टेशन स्थापित किए गए हैं।
विज्ञापन

कलक्ट्रेट सभागार में डीएम आशीष भटगांई की अध्यक्षता में वनाग्नि सुरक्षा समिति की बैठक हुई। डीएम ने वनाग्नि की घटनाओं को रोककर जंगलों को सुरक्षित बचाने के लिए वन विभाग को सुझाव दिए। उन्होंने कहा कि पिरूल जंगलों में आग लगने और फैलने का प्रमुख कारण होता है। ऐसे में यदि पिरूल को चीनी मिलों तक पहुंचाया जाएगा तो इससे वनाग्नि की घटनाओं पर काफी हद तक अंकुश लग सकता है। उन्होंने कहा कि पिरूल को एकत्र करने के लिए महिला समूहों की सहायता ली जा सकती है। इससे महिलाओं की आय भी बढ़ेगी।
उन्होंने कहा कि इस पहल को धरातल पर उतारने के लिए चीनी मिलों से एमओयू साइन करने का प्रयास किया जाएगा। डीएफओ आशुतोष सिंह ने बताया कि वनाग्नि की घटनाओं को रोकने के लिए जिले भर में 68 क्रू स्टेशन स्थापित किए जा चुके हैं। रिजॉर्ट, गैस गोदामों, पेट्रोल पंपों, लीसा कारखानों के साथ ही सड़क किनारे स्थित झोपड़ियों और दुकानों के आसपास 10 से 15 मीटर क्षेत्र में पिरूल, सूखी पत्तियों और कूड़े की सफाई की जाएगी ताकि वनाग्नि से नुकसान को कम किया जा सके। बताया कि पांच सालों में पिछले वर्ष वनाग्नि पर मजबूती से नियंत्रण किया गया। यही कारण है कि पिछले वर्ष वनाग्नि की सिर्फ 39 घटनाओं में महज 33 हेक्टेयर जंगल को नुकसान पहुंचा। बैठक में एडीएम योगेंद्र सिंह सहित आईटीबीपी के अधिकारी शामिल रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें