भूस्खलन प्रभावित खोतिला में इस तरह धंस रही दीवारें
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भूस्खलन की चपेट में आए खोतिला कस्बे की स्थिति का जायजा लेने के लिए शनिवार को प्रदेश सरकार के सचिव अरविंद सिंह ह्यांकी के नेतृत्व में उच्चाधिकारी पहुंचेंगे। खोतिला में जमीन दरकने का क्रम बंद नहीं हुआ है। रास्तों के किनारे और भूकटाव रोकने के लिए बनाई गई दीवारें धंसने लगी हैं। मलबा लगातार महाकाली में पट रहा है। इससे नेपाल के बंगाबगड़ गांव को भी खतरा होने लगा है। नदी का रुख नेपाल की तरफ हो रहा है। नदी बंगाबगड़ गांव की जमीन को काटती जा रही है।
तहसील प्रशासन के सूत्रों ने बताया कि अधिकारी शनिवार को यहां आकर सारी स्थिति का जायजा लेंगे। इधर, खोतिला में पेयजल का गंभीर संकट पैदा हो गया है। गांव की पेयजल लाइन भूस्खलन की भेंट चढ़ गई है। तहसीलदार आईबी मल्ल ने कहा कि फिलहाल रास्तों को बंद किया गया है। खोतिला के जिन चार परिवारों को खतरा हो रहा है, उनको शिफ्ट करने की तैयारी की जा रही है। उधर, गांव के लोगों का कहना है कि सुरक्षा के उपाय तत्काल किए जाएं और टूटे रास्तों की मरम्मत की जाए, ताकि स्कूली बच्चों के लिए परेशानी न हो। पूरे इलाके में अभी दहशत का माहौल है। जिन स्थानों पर जमीन फट गई है, उसके दरकने का खतरा पैदा हो गया है।