कैलाश यात्रा मार्ग का निरीक्षण करते धारचूला के एसडीएम वरुण अग्रवाल।
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उप जिलाधिकारी वरुण अग्रवाल ने डीएम डॉ. विजय कुमार जोगदंडे के निर्देश पर कैलाश मानसरोवर यात्रा मार्ग का निरीक्षण किया। एसडीएम ने जिलाधिकारी को भेजी रिपोर्ट में कहा है कि सीमा सड़क संगठन मार्ग का मलबा, बोल्डर अनाधिकृत रूप से नदी, नालों में डाल रहा है। इससे नजंग पुल से 300 मीटर आगे काली नदी में झील बन गई है। एसडीएम ने मालपा गाड़ के पुल और रास्ते को भी खतरा बताया है।
उपजिलाधिकारी ने रिपोर्ट में कहा है कि पानी बढ़ने पर मालपा गाड़ का पुल और रास्ता बह सकता है। इस स्थान पर 400 मीटर के हिस्से में रास्ता संकरा है। कहा है कि धारचूला-गर्बाधार मोटर मार्ग में तवाघाट से आगे नजंग तक मोटर मार्ग कच्चा है। इस हिस्से में डामरीकरण, सुधारीकरण की आवश्यकता है। इसी मार्ग में पांगला से लगभग 100 मीटर आगे मलबा आने का खतरा बना हुआ है।
मांगती नाले में भी डामरीकरण, सुधारीकरण की आवश्यकता है। मालपा से 700-800 मीटर पहले बोलायर टॉप में सुधारीकरण और रेलिंग लगाने की आवश्यकता है। मालपा से आगे पैलसीटी झरने से 100 मीटर पहले मार्ग संकरा है। नदी में पानी बढ़ने पर मार्ग क्षतिग्रस्त हो सकता है। बूंदी से 50 मीटर पहले मोटर मार्ग में कीचड़ होने से फिसलने का खतरा बना हुआ है। बूंदी से छियालेख तक मार्ग में कंकड़, पत्थर पड़े हैं। छिालेख से नावीढांग तक मार्ग आवागमन के लिए सुलभ है। एसडीएम ने कहा है कि संबंधित विभागों को कमियां दूर करने के निर्देश दिए गए हैं।