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मिलाजुला असर देने वाला रहा आम बजट

Thu, 01 Feb 2018 10:28 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, पिथौरागढ़
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टीवी पर वित्त मंत्री जेटली का बजट भाषण देखते लोग - फोटो : अमर उजाला
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केंद्रीय बजट आम लोगों के लिए मिलाजुला असर देने वाला रहा। प्रत्यक्ष कर की दरों में कमी न होने, इलेक्ट्रानिक आदि उत्पादों के दाम बढ़ने से नौकरीपेशा और व्यापारियों को निराशा हुई। वहीं, एक साल के भीतर 70 लाख नई नौकरियों की घोषणा और नई नियुक्तियों में सरकार की ओर से ईपीएफ में 12 फीसदी अंशदान से बेरोजगार युवाओं को राहत के साथ उम्मीद बंधी।

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इसी तरह बुजुर्गों के लिए जमा योजनाओं में ब्याज गारंटी और कर छूट से फायदा मिला। महिलाओं के लिए उज्ज्वला योजना की शक्ल में चूल्हा फूंकने से निजात मिलेगी। साथ ही ईपीएफ में कम अंशदान और महिलाओं की नियुक्ति पर कंपनियों को कर छूट से नई नौकरियों की राह खुलेगी। फसल का डेढ़ गुना समर्थन मूल्य, खेत-खेत तक सिंचाई की योजना और आलू, टमाटर, प्याज की खेती के लिए ग्रीन योजना ने किसानों के जख्मों पर मरहम लगाया गया है।

कोढ़ में खाज बनी महंगाई
पिथौरागढ़। व्यापारी पहले से ही जीएसटी के बोझ से दबा हुआ है। उन्हें उम्मीद थी कि बजट में व्यापारियों को राहत देने वाले प्रावधान होंगे। प्रत्यक्ष कर में छूट से कुछ राहत मिलेगी। साथ ही बाजार को बढ़ाने के उपाय शामिल होंगे, लेकिन बजट सामने आने के बाद व्यापारियों को निराशा हाथ लगी है। खासतौर पर इलेक्ट्रानिक व्यापारियों के हितों पर असर पड़ सकता है। उत्पादों के दाम बढ़ने से खरीद की प्रवृत्ति कम हो सकती है।
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मूल्य बढ़ने से घटेगा बाजार
खड़ी बाजार के व्यापारी गौरव साहनी का कहना है कि जीएसटी से पहले ही कारोबार पर विपरीत असर पड़ा था। बजट में व्यापारियों को राहत देने के लिए कुछ खास नहीं हुआ है। इसके उलट मोबाइल, टीवी आदि इलेक्ट्रानिक उत्पाद भी महंगे हो गए हैं। इसका असर बाजार पर पड़ेगा।

बाजार बढ़ाने के उपाय नहीं किए
सिमलगैर के व्यापारी शेखर पंत का कहना है कि जीएसटी से दबे व्यापारी के बजट में प्रत्यक्ष कर में कमी और बाजार बढ़ने की उम्मीद थी, लेकिन बजट में कोई राहत नहीं मिली है। बाजार को बढ़ाने के उपाय नहीं हैं। इलेक्ट्रानिक उत्पादों के महंगा होने से व्यवसाय घट सकता है।

आयकर छूट न मिलने से नौकरीपेशा निराश
पिथौरागढ़। नौकरीपेशा वर्ग दिनोंदिन बढ़ती महंगाई को देखते हुए आयकर छूट की राह देख रहा था। उन्हें उम्मीद थी कि आयकर स्लैब बढ़ाया जाएगा। इससे महंगाई का बोझ कुछ हद तक कम होता। नौकरी के दौरान होने वाले खर्च से भी निजात मिलती, लेकिन बजट ने नौकरीपेशा को निराश किया है। उन्हें किसी भी तरह की राहत नहीं मिली है।

नौकरीपेशा को भूल गई सरकार
सिल्थाम निवासी नौकरीपेशा जीएस राणा का कहना है कि प्रत्यक्ष कर में कमी की उम्मीद थी। इससे महंगाई और नौकरी के दौरान होने वाले खर्चों को देखते हुए कुछ निजात मिलती, लेकिन सरकार ने नौकरीपेशा की दिक्कतों को दूर करने के लिए कोई प्रावधान नहीं किया।

आयकर में कमी की उम्मीद टूटी
कृष्णापुरी निवासी नौकरीपेशा प्रेमलाल गुंजियाल का कहना है कि आयकर स्लैब में छूट मिलने की उम्मीद टूट गई है। वेतन का बड़ा हिस्सा रोजाना की जरूरतों को पूरा करने और दिनोंदिन बढ़ती महंगाई की भेंट चढ़ रहा है। छूट मिलने से कुछ हद तक राहत मिलती। नौकरीपेशा को निराशा हुई।

नई नौकरियों से बेरोजगारों को मिली संजीवनी
पिथौरागढ़। बजट में नई नौकरियों की घोषणा से बेरोजगारों को संजीवनी मिली है। उनका बेहतर भविष्य का सपना और मजबूत हुआ है। साथ ही नई नौकरियों में सरकार की ओर से 12 फीसदी ईपीएफ की योजना से उत्साह भी बढ़ा है। इससे नौकरियों की संभावनाएं बढ़ेंगी। इस बजट ने बेरोजगार युवाओं को लुभाया है।

नई नौकरियों से खुलेगी भविष्य की राह
नगर पालिका निवासी युवा सौरभ पांडे का कहना है कि बजट में सरकार ने एक साल के भीतर 70 लाख नई नौकरी देने का वादा किया है। इस पर अमल होगा तो बेरोजगारी से जूझते युवाओं को बड़ी राहत मिलेगी। पर्यटन सर्किट बनने से निवेश बढ़ेगा और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।

नई नौकरियों में ईपीएफ से लाभ होगा 
धनौड़ा निवासी युवा भाष्कर पटियाल का कहना है कि नए नियुक्त होने वाले कर्मचारियों के लिए सरकार ने अपनी ओर से 12 फीसदी ईपीएफ की घोषणा की है। इससे कर्मचारियों का भविष्य एक हद तक सुरक्षित रहेगा। नई नियुक्तियों की राह भी खुलेगी। युवाओं के लिए उम्मीद भरा बजट है।

बुजुर्गों पर हुई सरकार की इनायत
पिथौरागढ़। इस बार के बजट में बुजुर्गों पर सरकार की इनायत हुई है। उनके लिए बजट में विशेष ब्याज गारंटी के साथ ही जमा योजनाओं में कर छूट की घोषणा की है। इससे उम्र के आखिरी पड़ावों से गुजर रहे बुजुर्गों को बड़ी राहत मिली है। बेहतर भविष्य और आर्थिक सुरक्षा का भाव मजबूत हुआ है। बजट से बुजुर्ग खुश हैं।

छूट देगी महंगाई से राहत
गांधी चौक निवासी बुजुर्ग जगदीश पुनेड़ा का कहना है कि इस बार बजट में बुजुर्गों के लिए राहत भरे प्रावधान हैं। बचत योजनाओं में ब्याज की गारंटी और जमा पर कर छूट की घोषणा से फायदा होगा। इससे बचत और निवेश बढ़ेगा। महंगाई के बोझ से भी कुछ हद तक निजात मिलेगी।

सुरक्षित और बेहतर होगा भविष्य
भाटकोट निवासी बुजुर्ग हरिदत्त कापड़ी का कहना है कि बजट में 15 लाख जमा पर निश्चित ब्याज की गारंटी दी गई है। इसके साथ ही 50 हजार जमा को कर मुक्त किया गया है। इससे सुरक्षित भविष्य की ओर कदम बढ़ा है। ब्याज गारंटी, कर छूट बुजुर्गों के लिए बड़ी राहत लाई है।

ईपीएफ की दरों ने महिलाओं को लुभाया
पिथौरागढ़। इस बार के बजट में महिला कामगारों के लिए ईपीएफ की दरों में कटौती की घोषणा ने लुभाया है। महिलाओं को नौकरी देने वाली कंपनी को कर छूट से नई नौकरियों की उम्मीद जगी है। इसके साथ ही घरेलू महिलाओं को निशुल्क गैस कनेक्शन की योजना से बड़ी राहत दी है। महिलाएं बजट के प्रावधानों से खुश हैं।

चूल्हा फूंकने से मिलेगी निजात
खड़कोट निवासी महिला ममता गड़कोटी का कहना है कि बजट में महिलाओं को 8 करोड़ निशुल्क उज्जवला गैस कनेक्शन देने की घोषणा की है। इससे लकड़ी, गोबर के उपले से चूल्हा फूंकती महिलाओं को राहत मिलेगी। पहाड़ और ग्रामीण अंचलों की महिलाओं को लाभ होगा।

नौकरियों के मौके बढ़ेंगे
सिमलगैर निवासी महिला रेखा भट्ट का कहना है कि महिला कर्मचारियों के वेतन से ईपीएफ में महज 8 फीसदी कटौती की घोषणा हुई है। शेष रकम सरकार जमा करेगी। खुद का अंशदान कम होने से महिला कामगारों को लाभ होगा। कंपनियों को कर छूट से नौकरी के मौके बढ़ेंगे।

प्रधानमंत्री सिंचाई योजना से होगी हरियाली
पिथौरागढ़। इस बजट में किसानों की सिंचाई समस्या को दूर करने के लिए खेत-खेत तक पानी पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है। सिंचाईं संसाधनों की कमी और मौसम की मार झेलने वाले किसानों को इससे राहत की उम्मीद जगी है। योजना के साकार होने पर बंजर खेतों में हरियाली होगी और किसानों की आर्थिकी बढ़ेगी। इसके साथ ही समर्थन मूल्य घोषित होने से शोषण और नुकसान नहीं होगा।

मौसम की मार से मिलेगी निजात
मोस्टामानू निवासी किसान इकबाल अहमद का कहना है कि बजट में पीएम सिंचाई योजना के तहत हर खेत तक पानी पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है। बारिश के पानी पर निर्भरता और सिंचाई संसाधनों की मार झेल रहे किसानों को इससे बड़ी राहत मिली है। इससे किसानों की आर्थिकी में सुधार होगा।

समर्थन मूल्य से होगा फायदा
देवलथल निवासी किसान जगदीश कुमार का कहना है कि बजट में किसानों के लिए फसल की लागत का डेढ़ गुना समर्थन मूल्य घोषित किया है। इससे किसानों का शोषण बंद होगा। मेहनत के बदले मूल्य की गारंटी मिलेगी। साथ ही आलू, टमाटर, प्याज किसानों को ग्रीन योजना से लाभ होगा।

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