केंद्रीय राज्यमंत्री को ज्ञापन देते कुसौली गांव के लोग
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सेना द्वारा कुसौली गांव जाने का पैदल और सड़क मार्ग बंद कर दिए जाने से परेशान गांव के लोगों ने बृहस्पतिवार को यहां पहुंचे केंद्रीय राज्यमंत्री अजय टम्टा को ज्ञापन सौंपा। मांग की कि सेना द्वारा भूमि अधिग्रहण के बाद पैदा हुई स्थितियों का जायजा लेने के लिए केंद्रीय जांच टीम भेजी जाए।
ग्राम प्रधान संगठन के जिलाध्यक्ष रघुवीर सिंह ने ज्ञापन में कहा है कि 1962 में सेना ने जब जमीन का अधिग्रहण किया था, तब यह लिखित में आश्वासन दिया था कि गांवों को जाने वाले सभी पैदल और सड़क मार्ग खुले रहेंगे। प्रभावित ग्रामीणों को रोजगार देने का भी वादा किया था, लेकिन समय बीतने के साथ इन समझौतों पर तो अमल नहीं हुआ। लोगों की मुसीबत जरूर बढ़ गई है।
ज्ञापन में कहा गया है कि सेना ने 19 अक्तूबर से कुसौली गांव जाने वाला पैदल रास्ता और रोड से आवागमन बंद कर दिया है। इस कारण लोग मुसीबत में आ गए हैं। तीन माह पहले भी जब सेना ने रास्ता बंद किया था तब आंदोलन के बाद सेना के अधिकारियों ने ग्रामीणों को लिखित आश्वासन दिया था कि रास्ते को बंद नहीं किया जाएगा। प्रशासन की मध्यस्थता में सेना के अधिकारियों ने यह आश्वासन दिया था। केंद्रीय राज्यमंत्री अजय टम्टा ने कहा कि इस मामले का समाधान निकाला जाएगा। दिल्ली जाकर वह रक्षामंत्री से इस मसले पर बात करेंगे।