कैलास मानसरोवर पैदल यात्रा मार्ग पर निरकुंड मंडी के पास स्थित पैदल पुल बह गया है। उच्च हिमालयी क्षेत्र में लगातार हो रही भारी बारिश से सभी नदी नाले-उफान पर हैं। जिला आपदा प्रबंधन कार्यालय ने शुक्रवार शाम उच्च हिमालयी क्षेत्रों से मिली जानकारी के आधार पर बताया कि गुंजी से ज्योलिंगकांग जाने वाले रास्ते पर निखर्चु, घटखोला और नंफा नालों पर बने पैदल पुल बह गए हैं। इसी तरह ज्योलिंगकांग से लिफियाधुरा जाने वाले रास्ते पर यांगती नदी पर बना पैदल पुल भी पानी के तेज बहाव में समा गया है।
बलुवाकोट से पय्यांपौड़ी जाने वाले रास्ते पर गटकुना में बना पैदल पुल और कैंठी से बसंतकोट को जोड़ने वाला पैदल पुल भी पानी की भेंट चढ़ गया है। खेला से दारमा जाने वाले पैदल रास्ते पर स्थित रामा नदी का पैदल पुल बृहस्पतिवार रात बह गया। गलछीना से दारमा जाने वाले पैदल रास्ते का पुल भी बह गया है। जिलाधिकारी एचसी सेमवाल ने बताया कि कैलास मानसरोवर यात्रा मार्ग पर मालपा और बूंदी के बीच कई स्थानों पर भूस्खलन से पैदल रास्ता टूट गया है। कैलास यात्रा पर जाने वाला 11वां दल शनिवार को यहां पहुंचेगा। तब तक रास्ते की मरम्मत करने और बहे पुलों की जगह वैकल्पिक व्यवस्था करने को कहा गया है।
डीएम ने बताया कि उच्च हिमालयी क्षेत्र में कुछ अन्य स्थानों पर पैदल पुलों को नुकसान की खबर है। संचार सेवा ठप होने से सूचनाएं एकत्र नहीं हो पा रही हैं। प्रशासन ने कैलास मानसरोवर यात्रा मार्ग को प्रथम वरीयता में रखा है। क्षेत्र में पुलों और रास्तों को हो रहे नुकसान की सूचनाएं तत्काल एकत्र की जा रही हैं।