कैलास मानसरोवर की यात्रा पूरी कर 11वें दल के 49 सदस्य मंगलवार को जागेश्वर होते हुए दिल्ली को रवाना हो गए हैं। दल के सदस्यों का आईटीबीपी सातवीं वाहिनी मुख्यालय में स्वागत हुआ। यात्रियों ने अपने अनुभव सुनाए। कहा कि अब तिब्बती क्षेत्र में यात्रियों की सुविधा का विस्तार होने लगा है। तिब्बत में भोजन, शौचालय और आवास की व्यवस्थाएं ठीक ठाक हैं। पहले यात्री तिब्बत में भोजन, आवास और शौचालय की असुविधा की शिकायत करते रहे हैं।
आईटीबीपी के सेनानी केदार सिंह रावत ने यात्रियों का स्वागत किया। दल के लायजन आफीसर सुशील कुमार शर्मा ने बताया कि किसी भी यात्री को रास्ते में कोई दिक्कत नहीं हुई। वापसी में ओम पर्वत के दर्शन हो गए। इससे सभी यात्री बेहद खुश हुए। उन्होंने कहा कि कैलास मानसरोवर की इतनी कठिन यात्रा को बिना आईटीबीपी के सहयोग के पूरा नहीं किया जा सकता। सभी यात्री सकुशल यात्रा संपन्न होने से बेहद खुश हैं। इस बीच 12वें दल के 41 सदस्य भी आज वापसी में गुंजी पहुंच गए हैं। 13वां दल तिब्बत के जोंगजेबू में और 14वां दल तकलाकोट में है। 15वें दल के यात्रियों ने सिर्खा से गाला तक का सफर पूरा किया। 16वां दल बुधवार को आधार शिविर धारचूला पहुंचेगा।