धारचूला के निगालपानी में क्षतिग्रस्त पेट्रोल पंप
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धारचूला के निगालपानी में 19 फरवरी को पेट्रोल पंप और आबादी वाले क्षेत्र में सड़क निर्माण का मलबा फेंके जाने की घटना को प्रशासन ने गंभीरता से लिया है और लापरवाही बरतने वाले ठेकेदार के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। जिलाधिकारी डा. रंजीत सिन्हा ने कहा कि सौभाग्य से मलबे की चपेट में कोई व्यक्ति नहीं आया, लेकिन सड़क निर्माण के समय निर्धारित मानकों का पालन न करने वाले ठेकेदार के खिलाफ अब बड़ी कार्रवाई की जाएगी। डीएम ने क्षतिग्रस्त पेट्रोल पंप को जल्दी चालू करने के लिए 25 फरवरी को इंडियन ऑयल कारपोरेशन के अधिकारियों को बुलाया है। उस दिन सड़क निर्माण करा रही एजेंसी पीएमजीएसवाई के अधिकारी भी मौजूद रहेंगे।
डीएम ने कहा कि जब सड़क निर्माण का कोई ठेकेदार अनुबंध करता है तो उसे सारी गाइडलाइन दे दी जाती है। निर्माण के दौरान निकले मलबे का निस्तारण कहां करना है यह भी अनुबंध में शामिल रहता है। उन्होंने कहा कि ठेकेदार ने सड़क निर्माण में न केवल लापरवाही की है वरन नियमों का भी उल्लंघन किया है। डीएम ने बताया कि ठेकेदार के खिलाफ मुकदमा दर्ज हो गया है। प्रशासन ठेकेदार को इस लापरवाही के लिए और कड़ी सजा दिलाएगा।
उधर, पेट्रोल पंप का संचालन बृहस्पतिवार को भी नहीं हो पाया। वाहन चालकों को ईंधन के लिए जौलजीबी और ओगला जाना पड़ रहा है। ईंधन न मिलने के कारण कई वाहनों का संचालन बंद है। पेट्रोल पंप के मैनेजर कैलाश चंद्र जोशी ने बताया कि पंप को नुकसान पहुंचाने वाले ठेकेदार ने अब तक मरम्मत के लिए धनराशि नहीं दी है। उन्होंने कहा कि पंप टूटने से भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। इससे वाहनों चालकों की परेशानी भी बढ़ी है।