पिथौरागढ़। सीमांत जिले में पलायन रोकने के दावों की असल हकीकत सरकारी स्कूल बयां कर रहे हैं। जिले के दूरस्थ इलाकों में संचालित सरकारी प्राथमिक विद्यालयों में छात्रसंख्या तेजी से घट रही है, जिसके चलते 128 स्कूल अब बंद होने की कगार पर पहुंच गए हैं। इन विद्यालयों में इस सत्र छात्रसंख्या घटकर मात्र पांच या उससे भी कम रह गई है।
जिले में कुल 946 राजकीय प्राथमिक विद्यालय संचालित हैं लेकिन मूलभूत सुविधाओं के अभाव में लोग परिवार सहित मैदानों की ओर पलायन कर रहे हैं। शिक्षा विभाग भी यह स्वीकार कर रहा है कि गांवों में सड़क और स्वास्थ्य जैसी सुविधाओं का अभाव ही इस स्थिति का मुख्य कारण है। यदि पलायन का यह सिलसिला थमा नहीं तो आने वाले समय में शून्य छात्रसंख्या के कारण इन स्कूलों पर ताले लग जाएंगे और ये सिर्फ अतीत का हिस्सा बनकर रह जाएंगे।