अस्कोट के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र की बदहाली को लेकर लोगों में क्षेत्रीय विधायक विशन सिंह चुफाल और राज्य सरकार के खिलाफ रोष भड़कने लगा है। रविवार को गुस्साए लोगों ने विधायक के साथ ही प्रदेश सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर पुतला फूंका। डॉक्टरों की नियुक्ति न होने पर आंदोलन छेड़ने की चेतावनी दी है।
उप प्रधान कैलाश पाल के नेतृत्व में एकत्र लोगों ने विधायक चुफाल के साथ ही स्वास्थ्य विभाग और राज्य सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। इन लोगों का कहना था कि स्वास्थ्य विभाग और राज्य सरकार लोगों के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ कर रही है। विधायक ने कभी भी अस्कोट अस्पताल की दशा सुधारने की ओर कदम नहीं बढ़ाए। उपप्रधान ने कहा कि अस्कोट अस्पताल में चार साल से डॉक्टर नहीं था। बीते 10 अगस्त को एक डॉक्टर ने कार्यभार संभाला, 24 अगस्त से वह कार्यस्थल पर नहीं हैं। डॉक्टर अवकाश में हैं या अन्यत्र ड्यूटी में, अस्पताल कर्मियों के पास इसकी जानकारी नहीं है।
अस्पताल को फार्मेसिस्ट के हवाले छोड़ रखा है। 20 हजार की आबादी स्वास्थ्य सुविधा के लिए तरस रही है। प्रदर्शन करने वालों में संतोष मुनौला, दीपक सामंत, भुवन कुंवर, खगेंद्र रावत, दीपक सिंह, जीत सिंह रावत, प्रेम सिंह बसेड़ा, होशियार पाल, दीपक पाल, रोशन पाल, गणेश पाल, जीवन सिंह, दिगंबर पाल आदि शामिल थे।