व्यास घाटी स्थित गुंजी के एसएसबी चौकी में बर्फबारी का दृश्य। स्रोत : एसएसबी
पिथौरागढ़/धारचूला। उच्च हिमालयी क्षेत्र में रविवार को मौसम ने अचानक करवट बदली। ऊंची चोटियों के साथ ही गुंजी और दारमा घाटी के गांवों में बर्फबारी हुई। इससे लोगों को फिर से कड़ाके की ठंड का सामना करना पड़ रहा है।
जिला मुख्यालय समेत अन्य निचली घाटियों में रविवार को मौसम सुबह से खुशनुमा रहा। लोगों ने गुनगुनी धूप का आनंद उठाया। दोपहर बाद आसमान में बादल मंडराने लगे और ठंडी हवा चलनी शुरू हो गई। उधर व्यास घाटी के कालापानी 11,800 फुट और गुंजी 10,500 फुट की ऊंचाई पर इस सीजन की तीसरी जबकि दारमा में चौथी बार बर्फबारी हुई। बर्फबारी से निचले इलाकों में लोगों को ठंड का सामना करना पड़ रहा है।
तवाघाट से ऊपर की ओर घने काले बादल छाए रहने से क्षेत्र में बारिश की संभावना भी बनी हुई है। गुंजी की सरपंच लक्ष्मी गुंज्याल ने बताया कि बर्फबारी से क्षेत्र में ठंड फिर से लौट आई है। दारमा घाटी में होम स्टे संचालक गुड्डू जंग और अभिराज दताल ने बताया कि दोपहर तक मौसम ठीक था। आसमान में हल्के बादल दिखाई दे रहे थे, लेकिन अपरान्ह में बर्फबारी शुरू हो गई। उधर मुनस्यारी के हंसलिंग, राजरंभा, नाग्निधुरा समेत छिपलाकेदार में भी बर्फबारी हुई है।