पिथौरागढ़। सीमांत जिले में बारिश और बर्फबारी थमते ही जंगल धधकने लगे हैं। जंगल की आग होटल तक पहुंची तो वहां अफरातफरी मच गई। सूचना पर फायर सर्विस की टीम ने बमुश्किल आग को बुझाकर बड़ी घटना होने से बचाया। पूरी घटना से वन विभाग घटना से अनजान रहा।
बृहस्पतिवार दोपहर जाजरदेवल थाने से 20 मीटर दूर चीड़ के जंगल में आग लग गई। कुछ ही देर में पिरूल में आग इतनी तेजी से भड़की कि पास में संचालित एक होटल के नजदीक पहुंच गई। होटल के चारों तरफ आग की लपटें देख वहां तैनात कर्मियों में अफरातफरी मच गई। यहां ठहरे लोग भी कमरों से बाहर निकल गए। होटल कर्मियों ने आग बुझाने का प्रयास किया लेकिन सफलता नहीं मिली। पुलिस और होटल कर्मियों की सूचना पर फायर सर्विस की टीम प्रभारी अग्निशमन अधिकारी नरेंद्र प्रसाद के नेतृत्व में मौके पर पहुंची।
दमकल वाहन से पानी डालकर आधे घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। हालांकि इस घटना में वन संपदा को लाखों का नुकसान पहुंचा है। धारचूला हाईवे के किनारे जंगल से आग की लपटें और धुआं उठता रहा लेकिन जंगलों की सुरक्षा के दावे करने वाले वन विभाग को घटना की भनक तक नहीं लगी।
होटल में था वैवाहिक कार्यक्रम, बरातियों ने फोड़े पटाखे तो जंगल में फैल गई आग
प्रभारी अग्निशमन अधिकारी नरेंद्र प्रसाद ने बताया कि होटल में वैवाहिक कार्यक्रम था। बरातियों ने हाईवे पर पटाखे फोड़े तो इसकी चिंगारी जंगल में पहुंच गई। यहां फैले पिरूल में आग सुलग गई जो जंगल में फैल गई। उन्होंने कहा कि यदि समय रहते आग नहीं बुझती तो इससे बड़ा नुकसान हो सकता था। संवाद