शासन की अनुमति के बाद धारचूला के व्यास घाटी के लिए शुक्रवार से शुरू होने वाली हेलीकॉप्टर सेवा दो दिन बाद भी शुरू नहीं हो सकी। हेली सेवा संचालित नहीं होने से गुंजी के मनेला में होने वाले श्रीव्यास देव मेला में जाने वाले लोगों में भारी आक्रोश है। प्रशासन के अनुसार तकनीकी गड़बड़ी से हेलीकॉप्टर धारचूला नहीं आ सका।
सीमांत के लोगों की मांग पर प्रदेश सरकार ने व्यास घाटी के लिए हवाई सेवा संचालित करने को स्वीकृति दी थी। शुक्रवार से शुरू होने वाली हवाई सेवा के लिए बृहस्पतिवार को एक हेलीकॉप्टर पिथौरागढ़ पहुंच गया था, लेकिन शनिवार को भी इसका संचालन नहीं हो सका। इसके चलते व्यास मेले के लिए गुंजी जाने वाले लोगों में निराशा है। श्री व्यास देव मेले में जाने के लिए देहरादून से आई 90 वर्षीय बुजुर्ग महिला रूपा गुंज्याल शनिवार सुबह नौ बजे तक पिथौरागढ़ हेलीपैड पर बैठी रहीं, अंत में मायूस होकर सड़क मार्ग से धारचूला को रवाना हुई।
कुटी निवासी प्रेमा कुटियाल और नंदा बिष्ट ने कहा कि मेले के अब पांच दिन बचे हैं और हेलीकॉप्टर दूसरे दिन भी संचालित नहीं हुआ। कांग्रेस के ब्लॉक कमेटी अध्यक्ष डुंगर दानू ने कहा कि व्यास घाटी में पैदल मार्ग काफी जोखिम भरा है। उन्होंने शीघ्र हेली सेवा का संचालन करने की मांग की है।
शुक्रवार को हेलीपैड की अनुमति नहीं मिली। इस कारण हेलीकॉप्टर धारचूला नहीं पहुंच पाया। शनिवार को हेलीकॉप्टर ने सुबह नौ बजे धारचूला के लिए उड़न भरी थी, लेकिन तकनीकी खराबी आने से हेलीकॉप्टर धारचूला नही पहुंच पाया। रविवार तक हेलीकाप्टर के आने की उम्मीद है।
-एके शुक्ला, एसडीएम धारचूला।