पिथौरागढ़। महिला स्वयं सहायता समूहों ने भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) को मुर्गियों और बकरियों की आपूर्ति कर 2,65,902 रुपये की आमदनी की है। इस पहल से 25 महिलाएं जुड़ी हैं, जिन्होंने कुल 570 किलोग्राम मुर्गियां और 593 किलोग्राम बकरियां बेचीं।
सागर सीएलएफ जाख ने 14वीं वाहिनी आईटीबीपी जाजरदेवल को 1,59,882 रुपये की आपूर्ति की। वहीं, नई उम्मीद सीएलएफ सेविला मुनस्यारी ने आईटीबीपी की अग्रिम चौकी को 1,06,020 रुपये के उत्पाद बेचे। इस व्यवसाय से प्रत्येक महिला को 10,000 से 15,000 रुपये की आमदनी हो रही है। सीडीओ डॉ. दीपक सैनी ने कहा कि ये समूह संस्थागत बाजार से जुड़कर अच्छी आजीविका कमा रहे हैं। उन्होंने बताया कि महिलाओं को स्वरोजगार के अवसर मिल रहे हैं और वे आत्मनिर्भर बन रही हैं।