जौलजीबी मेले में रविवार रात नेपाली गायिका मंजू कुंवर और पुष्पा बोरा ने जबर्दस्त धमाल मचाया। दोनों कलाकारों ने जब लोकप्रिय गीत-मैंई डोली चढ़नूं बेला, तोई कस्तो लागलो पेश किया तो कई दर्शक तो मंच पर जाकर ही थिरकने लगे। दोनों गायिकाओं ने लोगों की फरमाइश को पूरा किया। करीब चार घंटे तक उन्होंने मंच पर दर्जनों गीत पेश किए।
इससे पहले आश्रम पद्धति विद्यालय बलुवाकोट, रूपकुंड सांस्कृतिक कला मंच चमोली के कलाकारों ने एक से बढ़कर एक कार्यक्रम पेश किए। अब मेले के समापन की तिथि नजदीक आ रही है, लेकिन सांस्कृतिक कार्यक्रमों में रंग जमने लगा है।
रविवार रात कार्यक्रम में मुख्य अतिथि वन विकास निगम के अध्यक्ष हरीश धामी, दर्जा राज्यमंत्री कैलाश रावत, ब्लॉक प्रमुख नेत्र सिंह कुंवर, कांग्रेस ब्लॉक अध्यक्ष डूंगर सिंह दानू थे। सभी अतिथियों ने देर रात तक कार्यक्रमों का आनंद उठाया। इस दौरान राजेश कुटियाल, दौलत पाल, शकुंतला दताल, नंदा बिष्ट, लीला बनंग्याल आदि मौजूद थे। संचालन करन थापा, डीएन भट्ट ने किया। जौलजीबी मेले में सांस्कृतिक कार्यक्रम 23 नवंबर तक जारी रहेंगे। मेलाधिकारी आरके पांडे ने बताया कि मेला शांतिपूर्ण चल रहा है।
मेले के लकी ड्रा 24 को खुलेंगे
धारचूला। जौलजीबी मेले में लकी ड्रा 24 नवंबर को निकाले जाएंगे। प्रथम पुरस्कार में मोटरसाइकिल रखी गई है। दूसरे पुरस्कार में एलईडी टीवी, तीसरे में फ्रिज और चौथे में मोबाइल सेट शामिल रहेगा। इसके अलावा कुल 58 इनाम और निकाले जाएंगे। जौलजीबी व्यापार संघ के अध्यक्ष धीरेंद्र धर्मशक्तू ने बताया कि लकी ड्रा के प्रति लोगों ने काफी उत्साह दिखाया।
व्यापारिक गतिविधियां नहीं हुई तेज
धारचूला। नोटबंदी के कारण जौलजीबी मेले में व्यापारिक गतिविधियां तेजी नहीं पकड़ पा रही हैं। इस स्थिति से व्यापारी मायूस हैं। पिछले वर्षों की तुलना में व्यापार में 50 फीसदी की कमी आई है। व्यापारी इसी उम्मीद में हैं कि अभी व्यापारिक गतिविधियां बढ़ सकती हैं। नेपाल के हुमला जुमला से लाए गए घोड़ों की बिक्री भी अब तक नहीं हो पाई है।
जौलजीबी मेले में लगा विधिक साक्षरता शिविर
पिथौरागढ़। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अध्यक्ष/जिला जज सिकंद कुमार त्यागी के निर्देश पर जौलजीबी मेले में बहुउद्देशीय विधिक साक्षरता जागरूकता शिविर लगाया गया। शिविर में न्यायिक अधिकारियों, अधिवक्ताओं, प्रशासनिक अधिकारियों ने अनुसूचित जाति, जनजाति के हितों की रक्षा के लिए बनाए गए कानूनों के साथ ही सरकारी योजनाओं की जानकारी दी। शिविर में राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा बनाई गई नालसा (आदिवासियों के अधिकारों का संरक्षण और प्रवर्तन के लिए विधिक सेवाएं) योजना के साथ ही विधिक सेवा कार्यक्रम, लोक अदालत, उपभोक्ता संरक्षण कानून, मोटर दुर्घटना प्रतिकर, श्रमिक क्षतिपूर्ति आदि के बारे में भी बताया गया। बताया गया कि उत्तराखंड विधिक सेवा प्राधिकरण के टोल फ्री नंबर 1800 180 4000 में कॉल कर विधिक सेवाओं की जानकारी प्राप्त की जा सकती है। इस दौरान जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव/मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रतिभा तिवारी, सिविल जज जूनियर डिवीजन अकरम अली, पुलिस क्षेत्राधिकारी हिमांशु शाह, तहसीलदार इंद्र बहादुर मल, जिला समाज कल्याण अधिकारी पीबी सिंह, बीडीओ डीआर लोहिया, श्रम प्रवर्तन अधिकारी दीपक कुमार, डीडीहाट बार एसोसिएशन के अध्यक्ष रघुनाथ सिंह चौहान, सहायक अभियोजन अधिकारी आरएस रावत, जिला शासकीय अधिवक्ता पृथ्वीराज बनकोटी, चंद्र बल्लभ उप्रेती आदि मौजूद थे। संचालन अधिवक्ता वीरबहादुर सिंह ने किया।