अमर उजाला ब्यूरो, पिथौरागढ़। कोविड-19 के अंतर्गत जारी लॉकडाउन के दौरान जिले में अन्नपूर्णा डेस्क के माध्यम से संचालित कार्यों एवं भविष्य में किए जाने वाले जनजागरूक कार्यक्रमों के संबंध में जिलाधिकारी डा. विजय कुमार जोगदंडे ने अन्नपूर्णा योजना से जुड़े अधिकारियों व इससे जुड़े विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक कर समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने भोजन वितरण, मेडिकल सामग्री आदि जुटाकर जरूरतमंदों को मदद पहुंचाने की सराहना की। जिलाधिकारी ने कहा कि लॉक डाउन के दौरान जिले में वर्तमान तक लगभग 35 हजार प्रवासी व्यक्ति पंहुच गए हैं। अन्नपूर्णा डेस्क के माध्यम से अब जनता के बीच जाकर लोगों को आगे के लिए और अधिक जागरूक करना होगा। अब समय आ गया है कि हमारी टीम गांव गांव जाकर लोगों को स्वरोजगार, कौशल विकास आदि के लिए प्रेरित करें। डीएम ने कहा कि प्रत्येक नागरिक को सरकार की योजनाओं के बारे में जानकारी मिले तथा इन योजनाओं का लाभ उसे गांव में ही उपलब्ध कराया जाय इसके लिए प्रचार प्रसार के साथ ही इन क्षेत्रों में कौशल विकास के प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित कर प्रशिक्षित कराने की जरूरत होगी। डीएम ने अन्नपूर्णा योजना के जिला नोडल अधिकारी जिला शिक्षा अधिकारी माध्यमिक को सभी संगठनों के साथ समन्वय स्थापित कर पूर्व की भांति जनजागरूक कार्यक्रमों को आगे बढ़ाने को कहा। बैठक में सीडीओ डा.सौरभ गहरवार, अध्यक्ष जिला रेडक्रॉस सोसायटी ललित पंत, परियोजना निदेशक आशीष पुनेठा, डीएसओ एमएस रावत, शिक्षक एसोसिएशन के प्रवीन रावल, भगवान बल्लभ पंत आदि उपस्थित थे।
--::: अन्नपूर्णा हेल्प डेस्क के माध्यम से बांटे 1.72 लाख खाद्यान्न पैकेट :: पिथौरागढ़। नोडल अधिकारी एके गुसाईं ने अन्नपूर्णा हेल्पडेस्क के माध्यम से कुल 33 हजार 329 कच्चा खाद्यान्न पैकेट, 1 लाख 72 हजार 675 भोजन पैकेट, 2102 लीटर दूध, 395 पीपीई किट 57 हजार 219 मास्क, बेस चिकित्सालय हेतु 60 गद्दे के अतिरिक्त जिला प्रशासन के बैंक खाते में 1 लाख 69 हजार 100 रुपये जमा कराए गए। साथ ही विभिन्न महिला समूहों के माध्यम से 97 हजार 856 मास्क तैयार कर वितरित किए गए। डेस्क के माध्यम से 23 हजार 305 व्यक्तियों के मोबाइल में आरोग्य सेतु एप्प डाउन लोड कराया गया।