नगर क्षेत्र में अनियोजित विकास पर अब जिला विकास प्राधिकरण सख्त हो गया है। प्राधिकरण ने औचक निरीक्षण कर 25 जगहों पर अनियंत्रित निर्माण पाया। सभी भवन स्वामियों को भवन निर्माण का नक्शा दिखाने के लिए एक दिन का समय दिया गया है। यदि भवन स्वामी नक्शा नहीं दिखा पाए तो उनके खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
विकास प्राधिकरण के सहायक अभियंता भीम सिंह ने बताया कि हुड़ैती में 15, टकाड़ी में छह, पियाना और में दो-दो अनियंत्रित विकास मिले हैं। उन्होंने बताया कि भवन स्वामियों को शुक्रवार तक मकान का नक्शा दिखाने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि पिथौरागढ़ भूकंप जोन पांच में है। मकानों के बीच कई जगहों पर एक मीटर रास्ता छोड़ा है जबकि इसे दो मीटर छोड़ा जाना चाहिए। उन्होंने लोगों से अनुरोध किया है कि बगैर नक्शा पास किए मकान का निर्माण नहीं किया जाना चाहिए।
जमीन का मालिकाना हक नहीं प्राधिकरण भेज रहा नोटिस
बेड़ीनाग। क्षेत्र में लोग बेड़ीनाग और चौकोड़ी में प्राधिकरण लागू करने के फैसले को वापस लेने की मांग उठा रहे हैं। भवन स्वामी लंबे समय से सरकार से जमीन का मालिकाना हक दिए जाने की मांग करते आ रहे हैं। लोगों के पास जमीन का मालिकाना हक ही नहीं है तो नक्शा पास कैसे होगा। प्राधिकरण की ओर से अब तक 24 गांवों के भवन स्वामियों को नियमों के उल्लंघन का नोटिस जारी किया है। क्षेत्र के करीब 36 क्षेत्रों में विकास प्राधिकरण लागू हुआ है। इसके तहत सड़क से 200 मीटर ऊपर और नीचे बिना विकास प्राधिकरण के स्वीकृति के मकान बनाने पर कार्रवाई की जाती है।
प्राधिकरण वापस लेने की मांग
बेड़ीनाग। ब्लॉक प्रमुख रेखा भंडारी ने बताया कि सरकार को पहाड़ों से यदि पलायन रोकना है और विकास करना है तो यहां इस तरह के नियम लागू नहीं करने चाहिए। यदि जबरन लोगों के खिलाफ कार्रवाई की गई तो सरकार के खिलाफ उग्र आंदोलन किया जाएगा। नगर पंचायत अध्यक्ष हेम पंत ने भी सरकार से प्राधिकरण को वापस लेने की मांग की है।