चंडाक में ईई को डेढ़ घंटे तक घेरा
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जल संस्थान के अधिशासी अभियंता आरके वर्मा को बृहस्पतिवार को चंडाक में लोगों के जबरदस्त गुस्से का सामना करना पड़ा। जिला पंचायत के पूर्व अध्यक्ष वीरेंद्र बोहरा के नेतृत्व में महिलाओं और ग्रामीणों ने ईई का डेढ़ घंटे तक घेराव किया। इससे पहले सुबह लोगों ने जल संस्थान के कार्यालय पहुंचकर जल संकट पर रोष जताया था और स्थल पर न आने पर आंदोलन की धमकी दी थी।
चंडाक बाजार और सिकड़ानी गांव में पेयजल संकट को लेकर सुबह जल संस्थान कार्यालय में दी गई चेतावनी के बाद संस्थान के ईई वर्मा शाम करीब 4 बजे चंडाक पहुंचे। चंडाक पहुंचते ही जिला पंचायत के पूर्व अध्यक्ष के नेतृत्व में लोगों ने ईई का घेराव कर दिया। लोगों ने पेयजल संकट के लिए जल संस्थान को जिम्मेदार ठहराते हुए कहा कि लगातार हो रही बारिश के बाद भी संस्थान लोगों को पीने तक का पानी नहीं दे पा रहा है। लोगों के गुस्से से घबराए ईई पेयजल व्यवस्था ठीक करने का आश्वासन देने लगे तो लोगों ने इसकी समयसीमा बताने को कहा।
ईई ने तीन दिन के भीतर चंडाक की पेयजल समस्या समाप्त करने का आश्वासन दिया। लोगों ने तीन दिन में समस्या का समाधान न होने पर जल संस्थान के कार्यालय में तालाबंदी करने के साथ ही आंदोलन शुरू करने की चेतावनी दी। शाम 5.30 बजे ईई का घेराव समाप्त किया। इस दौरान पार्वती खंपा, उप प्रधान हरीश बोरा, रेनू बिष्ट, ज्योति जोशी, मोहनी देवी, शमशेर सिंह, कवींद्र बिष्ट, मोहनी देवी, जानकी देवी, मंजू धामी, मंजू देवी आदि थे।