नंदा अष्टमी के लिए नंदा कुंड नामिक ग्लेशियर से ब्रह्मकमल लाते गिन्नी के ग्रामीण। संवाद
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नाचनी (पिथौरागढ़)। नंदाष्टमी पर्व पर मां नंदा भगवती को ब्रह्मकमल अर्पित करने के लिए गिन्नी गांव के 32 लोग नामिक ग्लेशियर स्थित नंदाकुंड से ब्रह्मकमल लेकर पहुंचे। उन्होंने पांच दिन में 60 किमी पैदल यात्रा की। दल के वापस पहुंचने पर भव्य स्वागत किया गया। दल ने ब्रह्मकमल मां नंदा भगवती को अर्पित किए। इस दौरान मंदिर में भव्य मेला लगा।
दल के मुख्य पुजारी तेज सिंह दानू ने बताया कि दल 30 अगस्त को गांव के मंदिर से नंदाकुंड के लिए रवाना हुआ। चार दिन आने-जाने के अलावा एक दिन कुंड की पूजा अर्चना और ब्रह्मकमल तोड़ने में लग गए। भारी बारिश और ठंड के बीच श्रद्धालुओं में गजब का उल्लास था। शनिवार को मां नंदा भगवती को ब्रह्मकमल अर्पित किए गए।
उन्होंने बताया कि रातभर मंदिर में भजन कीर्तन, झोड़ा-चांचरी आदि कार्यक्रम आयोजित किए गए। स्थानीय लोगों ने यहां तरह-तरह के पकवानों की दुकानें सजाई हैं। क्षेत्र के तल्ला जोहार के सैणराथी, डोर, बिर्थी, गिरगांव आदि गांवों में मां नंदा भगवती के मंदिर हैं। हर तीसरे वर्ष नंदा देवी को ब्रह्मकमल अर्पित किए जाते हैं।
गिन्नी गांव के दल में प्रधान पुष्कर सिंह राणा, प्रेम सिंह राणा, गोपाल सिंह, नरेंद्र सिंह, प्रहलाद सिंह, प्रमोद मेहरा, प्रेम राणा, डोर गांव के निवासी शिक्षक गोविंद राणा आदि शामिल थे।