मुनस्यारी (पिथौरागढ़)। चीन सीमा पर तैनात सेना की चौकियों और मल्ला जोहार के मिलम गांव को जोड़ने वाली रणनीतिक सड़क पर बिल्जू नाला आफत बन गया है। नाले के उफान पर आने से इस मार्ग पर वाहनों की आवाजाही पूरी तरह ठप हो गई है। हालात इस कदर खतरनाक हैं कि स्थानीय ग्रामीणों के साथ-साथ देश की सुरक्षा में तैनात सैनिकों को भी लकड़ी की बल्लियां लगाकर जान जोखिम में डालते हुए इस उफनते नाले को पार करना पड़ रहा है।
मिलम सड़क पर बिल्जू गांव के पास बहने वाला नाला भारी बारिश से उफान पर आ गया है। नाले के तेज बहाव और इसके साथ बहकर आने वाले मलबे के कारण मिलम मार्ग पर वाहनों की आवाजाही ठप हो गई है। ऐसे में सेना के वाहन चौकियों तक नहीं पहुंच पा रहे हैं और सैनिकों को पैदल आवाजाही करनी पड़ रही है। मजबूर होकर ग्रामीण और सैनिकों को उफनाए नाले को पार करने के लिए बल्लियों का सहारा लेना पड़ रहा है इसमें खतरा अधिक है।
पुल का निर्माण न होने से बढ़ी दिक्कत
मुनस्यारी। हर साल मानसूनकाल में बिल्जू नाला ग्रामीणों और सैनिकों की दिक्कत बढ़ाता है। बीआरओ ने इस नाले में मोटर पुल के निर्माण का प्रस्ताव तो भेजा है लेकिन इसे स्वीकृति नहीं मिली है। ऐसे में सैनिक और ग्रामीण जान जोखिम में डालकर इस नाले को पार करने के लिए मजबूर हैं।
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बिल्जू नाले में पुल प्रस्तावित है। इसके लिए जगह भी चिह्नित की जा चुकी है। जल्द ही पुल का निर्माण शुरू कर दिया जाएगा।
-आरएस मीणा, कमान अधिकारी, बीआरओ, मुनस्यारी