चंपावत। पशुपालन विभाग और भारत तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) के बीच हुए एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) से पशुपालकों के कारोबार को नई गति मिली है। इस समझौते के तहत आईटीबीपी को सीधे निर्धारित दामों पर मीट की आपूर्ति हो रही है, जिससे पशुपालकों को एक सुनिश्चित बाजार मिल गया है।
स्थानीय पशुपालक आईटीबीपी की 36वीं बटालियन लोहाघाट को हर महीने ताजा मीट उपलब्ध करा रहे हैं। हाल ही में, पशुपालकों ने 496 किलोग्राम जिंदा बकरियों की आपूर्ति की जिससे उन्हें 1.48 लाख रुपये की शुद्ध आय हुई।
मुख्य पशु चिकित्साधिकारी वसुंधरा गर्ब्याल ने कहा कि स्थानीय उत्पादों को सेना का साथ मिलने से सीमांत क्षेत्रों से पलायन रुकेगा और ग्रामीण अर्थव्यवस्था मजबूत होगी। डीएम मनीष कुमार ने बताया कि इस एमओयू के बाद से किसानों का रुझान बकरी पालन की ओर तेजी से बढ़ा है।