वर्ष 1993 में बनी पिथौरागढ़ की नैनीसैनी हवाई पट्टी के विस्तारीकरण का काम अंतिम चरणों में है। रनवे की लंबाई 1500 मीटर से बढ़कर 1630 मीटर, चौड़ाई 40 मीटर से बढ़कर 60 मीटर कर दी गई है। रनवे की क्षमता 40 सीटर विमान उतरने लायक हो गई है। 57 करोड़ की लागत से एयरपोर्ट का कायाकल्प हुआ है। विधायक के अनुरोध पर प्रदेश सरकार ने हवाई पट्टी से नियमित उड़ान शुरू करने का प्रस्ताव उड्डयन मंत्रालय भारत सरकार को भेज दिया है।
एयरपोर्ट में चार मंजिला टर्मिनल भवन निर्माण का काम अंतिम चरण में है। हेलीकाप्टर और हवाई जहाज के लिए अलग-अलग स्टैंड बनाए गए हैं। एयरपोर्ट के चारों ओर सुरक्षा दीवार लगाई गई है। मंगलवार को एयरपोर्ट का जायजा लेने पहुंचे विधायक मयूख महर को कार्यदायी संस्था राज्य अवस्थापना विकास निगम के अधिकारियों ने बताया कि रनवे के पास नाले को पाटकर उसमें पार्क बनाया जा रहा है।
विधायक ने कहा कि एयरपोर्ट 40 सीटर विमान उड़ाने लायक हो गया है। सेना भी यहां अपने बड़े जहाजों को उतारने की योजना बना रही है। उनकी मुख्यमंत्री हरीश रावत और नागरिक उड्डयन सचिव राकेश शर्मा से उड़ान शुरू करने के संबंध में वार्ता हुई है। प्रदेश सरकार ने भारत सरकार के उड्डयन मंत्रालय को उड़ान शुरू करने का प्रस्ताव भेज दिया है। इस साल के अंत अथवा अगले साल की शुरुआत में उड़ान शुरू हो सकती है।