पिथौरागढ़। कोरोना वायरस के चलते इस बार आदि कैलाश यात्रा पर भी संकट बरकरार है। हर साल इस यात्रा में करीब 500 यात्री जाते हैं। यात्रा का संचालन कुमाऊं मंडल विकास निगम की ओर से कैलाश यात्रा के साथ ही किया जाता है।
आदि कैलाश यात्रा में देश के विभिन्न प्रांतों के करीब 500 लोग यात्रा करते थे। यात्री आधार शिविर धारचूला से बूंदी, गुंजी, कालापानी, नाभीढांग से वापस गुंजी पहुंचते थे। यहां से वह कुटी होते हुए ज्योलिंगकांग में आदि कैलाश के दर्शन कर वापस आते थे। कोरोना वायरस के चलते इस बार कैलाश के साथ ही आदि कैलाश यात्रा पर भी संशय बरकरार है। केएमवीएन के जीएम अशोक जोशी का कहना है कि अभी लॉकडाउन के चलते यात्रा की कोई संभावना नहीं है।