मुनस्यारी (पिथौरागढ़)। तहसील प्रशासन ने आपदा के सीजन को देखते हुए कर्मचारियों के अवकाश पर रोक लगा दी है। नदी, नालों और खतरनाक स्थानों पर रह रहे परिवारों को तत्काल शिफ्ट करने का फैसला लिया है। आपदा की स्थिति में प्रभावित होने वाले लोगों के रहने के लिए कई सरकारी भवनों की सूची तैयार कर ली गई है। पिछले साल आई आपदा को देखते हुए इस बार प्रशासन ने अभी से अलर्ट जारी कर दिया है। कहा है कि मौसम के संबंध में होने वाली हर भविष्यवाणी को गंभीरता से लिया जाए। उपजिलाधिकारी एके शुक्ला ने जिलाधिकारी एचसी सेमवाल से मिले निर्देश के बाद आज यहां तहसील सभागार में पूर्ति विभाग, पुलिस, स्वास्थ्य, शिक्षा, राजस्व, लोनिवि, विकासखंड विभाग के कर्मचारियों की बैठक ली। एसडीएम ने कहा कि इस समय हर प्रकार के खनन पर रोक लगी है। यदि कोई व्यक्ति खनन करता पकड़ा गया तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाए। उन्होंने कर्मचारियों से तैनाती स्थल पर बने रहने और हर वक्त मोबाइल ऑन रखने को कहा है। एसडीएम ने बताया कि आपदा की स्थिति में तत्काल प्रभावितों को शिफ्ट किया जाएगा। इसके लिए मुनस्यारी में श्रींग कंपनी के भवन, पर्यटक आवासगृह, सैनिक विश्रामगृह, आईटीआई भवन, सभी राजकीय इंटर कालेजों की सूची तैयार कर ली गई है। खोज और बचाव के लिए जितनी सामग्री की जरूरत है उसे तत्काल आपदा प्रबंधन विभाग से मंगाया जाएगा। स्वास्थ्य विभाग से कहा गया है कि आवश्यक दवाएं मंगा लें। कहीं से भी आपदा की जानकारी मिले तो तत्काल मौके पर पहुंचना होगा। संवादहीनता की स्थिति किसी भी दशा में न आने दी जाए। बीएसएनएल के खिलाफ मुकदमा होगा मुनस्यारी। यहां भारत संचार निगम की संचार सेवा तीन दिन से भंग है। उपजिलाधिकारी एके शुक्ला ने बीएसएनएल के अधिकारियों को नोटिस जारी कर कहा है कि यदि तीन दिन में सेवा बहाल नहीं हुई तो आवश्यक सेवा को बाधित करने के जुर्म में मुकदमा दर्ज कर दिया जाएगा। बीएसएनएल की सेवा ठप होने से गांवों से संपर्क नहीं हो पा रहा है।