धारचूला (पिथौरागढ़)। कालिका-खुमती मार्ग निर्माण से खुमती गांव में एक मकान खतरे की जद में आ गया है। सड़क कटान से हो रहे भूस्खलन से मकान के आंगन की दीवार ढह गई है। प्रभावित व्यक्ति ने उपजिलाधिकारी को पत्र देकर मकान की सुरक्षा के लिए उपाय करने की मांग की है।
खुमती निवासी वीर बहादुर सिंह पुत्र मोहन सिंह ने उपजिलाधिकारी को दिए पत्र में कहा है कि लोनिवि का पीएमजीएसवाई डिविजन कालिका से खुमती तक सड़क का निर्माण कर रहा है। सड़क निर्माण के कारण उनके मकान को खतरा हो गया है। भूस्खलन से मकान के आंगन की दीवार ढह गई है। सुरक्षा के उपाय नहीं किए गए तो जून, जुलाई की बरसात में मकान क्षतिग्रस्त हो जाएगा।
कहा कि सड़क का निर्माण मनमाने ढंग से करने से यह दिक्कत आई है। बहादुर सिंह ने कहा कि उसके पास दूसरा मकान भी नहीं है। बरसात में मकान को क्षति पहुंची तो उसके परिवार के सामने आवास की समस्या पैदा हो जाएगी। उपजिलाधिकारी वरुण अग्रवाल ने पीएमजीएसवाई के सहायक अभियंता को प्रकरण की जांच कर आख्या प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं।
बूंदी-लामारी-छंकनरी सड़क निर्माण से मकानों को खतरा
धारचूला। लामारी छंकवरी के लोगों ने बूंदी-लामारी-छंकनरी सड़क निर्माण के कारण आवासीय मकानों को खतरा होने का मामला उपजिलाधिकारी के सामने उठाया है। ग्रामीण जयराज सिंह पुत्र धौल्या सिंह, आरती देवी पत्नी दौलत सिंह ने उपजिलाधिकारी को दिए पत्र में कहा है कि सड़क निर्माण में विस्फोटकों का प्रयोग किया जा रहा है। इस कारण मलबा गांव में गिर रहा है। आवासीय मकानों के लिए खतरा पैदा हो गया है। मलबे से कभी भी मकान क्षतिग्रस्त हो सकते हैं। इन लोगों ने मामले की जांच कर सुरक्षात्मक उपाय करने की मांग की है। ब्यूरो