पिथौरागढ़। मानसून को लेकर प्रशासन ने अब तक कोई तैयारी नहीं की है। नगर की सड़कों के किनारे बनी नालियां महीनों से मिट्टी से पटी हैं। यदि नालियों की सफाई नहीं हुई तो इस साल भी बारिश का पानी घरों और दुकानों में घुसने की आशंका रहेगी।
पिथौरागढ़ नगर की अधिकतर नालियां महीनों से मिट्टी से पटी हैं। घंटाकरण से चंडाक को जाने वाली सड़क की नालियों में पिछलेे वर्ष भूस्खलन के बाद आए मलबे को अब तक नहीं हटाया गया है। आंवलाघाट परियोजना की पाइप लाइन को महात्मा गांधी मार्ग और भाटकोट टैंक से जोड़ने के लिए खोदी गई मिट्टी कई जगहों पर नालियों में पड़ी है।
नालियों का रखरखाव करने वाले संबंधित विभाग लोनिवि एवं नगर पालिका ने नालियों में पड़ी मिट्टी और कूड़ा हटाने के लिए कोई प्रयास नहीं किए हैं। यदि नालियां दुरुस्त नहीं की गई तो बारिश का पानी बैंक रोड के घरों में होते हुए सिल्थाम के मेहरा मार्केट और पार्वती बाजार की दुकानों में भर जाएगा।
विभाग के पास गैंग के तीन ही मजदूर हैं। किराये पर आठ मजदूरों को बंद पड़ी नालियां खोलने के लिए लगाया गया है। बारिश से पहले नगर की सभी नालियों को खोल दिया जाएगा। -नवीन जोशी, अधिशासी अभियंता, लोनिवि, पिथौरागढ़।