पिथौरागढ़/थल/नाचनी। चीन सीमा समेत ग्रामीण क्षेत्र की 17 सड़कें मलबा, बोल्डर आने से बंद हैं। इससे लोगों को आवाजाही में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
तवाघाट के पास बोल्डर आने से तवाघाट-धारचूला सड़क दो दिन से बंद है। थल-सातशिलिंग सड़क आठवें दिन भी यातायात के लिए नहीं खुल सकी। थल के पास नागीमल मंदिर की पहाड़ी के दरकने और नीचे से सड़क के ध्वस्त होने से लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
पहाड़ी के ऊपर से लगातार मलबा, बोल्डर गिरने से पोकलेन ऑपरेटर के लिए कार्य करना काफी जटिल हो रहा है। लोनिवि के लिए कठोर बोल्डर को तोड़ना चुनौती बन गया है।
सड़क खोलने के लिए जिस गति से कार्य हो रहा , उससे लगता है कि इसमें अभी समय लगेगा। ग्रामीणों ने बंद सड़कों को शीघ्र सुचारू किए जाने की मांग उठाई है।
ग्रामीण क्षेत्र की ये सड़कें हैं बंद
बांसबगड़-कोटा पंद्रहपाला, खेला-गर्गुवा, पौड़ी-घटकुना, ऐलागाड़-जुम्मा, मदकोट-तोमिक, बंगापानी-जाराजिबली, नाचनी-भैंसकोट, होकरा-नामिक, डोर-सैंणरांथी, छिरकिला-जम्कू सड़क भूस्खलन और बोल्डर आने से बंद हैं। मदकोट-बोना, बांथीगूंठ-सुंदरीनाग, खड़िक-मलौन, कोटा कांडाधुरा-मुनस्यारी, मुनस्यारी-नाचनी-पांगरपानी सड़कें बंद चल रही हैं।