पूर्व मध्यमा में सक्षम दूसरे व उत्तर मध्यमा में शुभम ने हासिल किया चौथा स्थान
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संवाद न्यूज एजेंसी
श्रीनगर। उत्तराखंड संस्कृत शिक्षा परिषद उत्तराखंड की पूर्व मध्यमा (हाईस्कूल) और उत्तर मध्यमा द्वितीय वर्ष (इंटरमीडिएट) की परीक्षा में श्री जयदयाल अग्रवाल संस्कृत विद्यालय श्रीनगर के दो छात्रों ने प्रदेश की मेरिट सूची में स्थान हासिल किया है।
पूर्व मध्यमा (हाईस्कूल) परीक्षा में श्री जयदयाल अग्रवाल संस्कृत श्रीनगर के सक्षम प्रसाद ने प्रदेश में दूसरी रैंक हासिल की है। सक्षम ने 87 प्रतिशत अंक प्राप्त किए हैं। जबकि उत्तर मध्यमा द्वितीय वर्ष (इंटरमीडिएट) के शुभम पांडेय ने 88.60 प्रतिशत अंकों के साथ प्रदेश में चौथी रैंक प्राप्त की। शुभम पांडेय शास्त्री की पढ़ाई करने के बाद शिक्षक बनना चाहते हैं। ब्लॉक खिर्सू के अंतर्गत चड़ीगांव के रहने वाले शुभम पांडेय ने इससे पहले हाईस्कूल की परीक्षा में प्रदेश में भी चतुर्थ स्थान प्राप्त किया था। शुभम के पिता मुकेश चंद्र पांडेय की चड़ीगांव में जनरल स्टोर की दुकान है जबकि मां माधुरी देवी गृहिणी हैं। प्रधानाचार्य जगदीश प्रसाद सकलानी ने बताया कि इंटरमीडिएट और हाईस्कूल का परीक्षा परिणाम शत-प्रतिशत रहा है। शिक्षिका संगीता भट्ट, सुनील प्रसाद फोन्दणी, गिरीश चंद्र डिमरी, द्वारिका प्रसाद कपरवाण, दीपक राज नौटियाल, हरीश प्रसाद पैन्यूली, मुकेश प्रसाद आदि ने छात्रों को शुभकामनाएं दीं।
टॉपर बोले - कड़ी मेहनत और लगन से सब आसान
पौड़ी। मेहनत व लगन के बूते आयुष ममगाईं ने 91 प्रतिशत अंक प्राप्त कर उत्तराखंड संस्कृत शिक्षा परिषद की बोर्ड परीक्षा में प्रदेश में प्रथम श्रेणी प्राप्त की। यह तीसरा मौका है जब इसी विद्यालय के होनहारों ने प्रदेश में टॉप किया। पैडुलस्यूं पट्टी के मोल्ठी गांव निवासी आयुष ने अपनी प्राथमिक व उच्च प्राथमिक शिक्षा केवी दिल्ली से प्राप्त की। आयुष ने बताया कि उसकी सफलता के पीछे उनके दादाजी धार्माचार्य स्व. जयंती प्रसाद ममगाईं की दूरदर्शी सोच थी। बताया कि दादाजी के कहने पर उन्होंने भुवनेश्वरी सिद्धपीठ में दाखिला लिया और उनके बताए गुरुमंत्र को हमेशा याद कर पढ़ाई करते हैं। भविष्य में आयुष शिक्षा के क्षेत्र में जाकर जरूरतमंद बच्चों को विद्यादान करना चाहते हैं। उनके पिता नरेश चंद्र ममगाईं दिल्ली में प्राइवेट जॉब करते हैं जबकि माता रेनू देवी गृहणी हैं। आयुष का एक बड़ा भाई है जो कि दिल्ली में पढ़ता है। संवाद
भुवनेश्वरी सिद्धपीठ के छात्र आठ बार सूची में बना चुके जगह
पौड़ी। ब्रिगेडियर विद्याधर जुयाल संस्कृत विद्यालय भुवनेश्वरी सिद्धपीठ के छात्र 8 बार प्रदेश टॉप-10 सूची में जगह बना चुके हैं। प्रधानाचार्य अनसुया प्रसाद सुंद्ररियाल की मानें तो संदीप पंत ने 2011 में प्रदेश की टॉप 10 सूची में जगह बनाई। इसके बाद 2012 में नीरज नौटियाल ने प्रदेश में दूसरा, 2016 में प्रदीप बड़थ्वाल व 2020 में अनुराग बडोला ने प्रथम जबकि 2022 में मयंक धस्माना ने 5वीं रैंक प्राप्त की। इसके अलावा 2013 में विकास पंत, 2014 में सागर देवरानी, 2017 में गौरव भट्ट ने टॉप-10 सूची में जगह बनाई।