पौड़ी। त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव की मतगणना को लेकर अधिकारियों की भूमिका कटघरे में आ गई है। जनपद पौड़ी में मतगणना को लेकर बड़ी संख्या में लगातार शिकायतें मिल रही हैं। प्रत्याशी जिला निर्वाचन अधिकारी/जिलाधिकारी से ठोस कार्रवाई की मांग कर रहे हैं, लेकिन अभी तक किसी भी मामले में कार्रवाई अमल में नहीं लाई गई है।
बृहस्पतिवार को जनपद के दूरस्थ विकास खंड थलीसैंण के सुदूर ग्राम सभा रिस्ती से ग्रामीण मुख्यालय पौड़ी पहुंचे। उन्होंने जिला निर्वाचन अधिकारी/जिलाधिकारी धीराज सिंह गर्ब्याल से मुलाकात की। इस मौके पर प्रधान पद प्रत्याशी सोहन सिंह ने बताया कि रिस्ती गांव में प्रधान पद पर कुल 333 मत डाले गए, जिनमें 22 मत निरस्त हुए। मतगणना के दौरान उन्हें 188 मत और प्रतिद्वंदी प्रताप सिंह को 123 मत मिले। आरओ से उन्हें विजेता घोषित किया, लेकिन दूसरे दिन परिणाम बदल गया। उन्होंने कहा कि उनके 188 मत प्रताप सिंह और प्रताप सिंह के 123 मत उन्हें दर्शाकर प्रताप सिंह को विजेता घोषित कर दिया गया। उन्होंने कहा कि मामले में आरओ स्तर पर मतों व परिणाम से छेड़छाड़ की गई है। दूसरी ओर जिले के एकेश्वर ब्लाक स्थित मुसासू ग्राम पंचायत में मतगणना के दौरान 111 मतों की गिनती ही नहीं की गई। प्रधान पद प्रत्याशी ताजबर सिंह ने बताया कि प्रधान पद पर कुल 211 मत पड़े। 111 मतों पर पीठासीन अधिकारी के हस्ताक्षर नहीं थे, जिन्हें मतगणना में शामिल नहीं किया गया। 100 मतों पर परिणाम दे दिया गया, जो मतदाता व प्रत्याशी के अधिकारों का हनन है। उन्होंने कहा कि प्रधान पद के चारों प्रत्याशियों ने 111 मतों को मतगणना में शामिल किए जाने की मांग की, लेकिन अधिकारियों ने उनकी नहीं सुनी। विकास खंड कोट के क्षेत्र पंचायत पंचूर से प्रत्याशी गणेश राज ने बताया कि ग्राम पंचूर में उन्हें मिले मत प्रतिद्वंदी प्रत्याशी और प्रतिद्वंदी को मिले मत उनके हिस्से में जोड़ दिए गए। उनके स्थान पर दूसरे को विजेता घोषित कर दिया गया। पौड़ी ब्लाक के बिचली रेवड़ी में प्रधान पद प्रत्याशी मोहन प्रसाद व कैलाश चंद्र ने कहा कि कुल 361 मतों में से 12 मत रद्द हुए। इनमें से आठ मतों का विवरण प्रत्याशियों को नहीं दिया गया। इससे परिणाम प्रभावित हुए। शिकायत करने वाले समस्त प्रत्याशियों ने मतों की गणना दोबारा किए जाने की मांग की है। जिला निर्वाचन अधिकारी/जिलाधिकारी धीराज सिंह गर्ब्याल ने सकारात्मक कार्रवाई का आश्वासन दिया है।