हरेला पर्व पर बीते साल रोपे गए पौधों में से 80 फीसदी से ज्यादा पौधे सुरक्षित हैं। गढ़वाल वन प्रभाग पौड़ी ने पिछले साल आठ हजार से ज्यादा विभिन्न प्रजातियों के पौधे रोपे थे। सिविल सोयम विभाग ने तीन हजार से अधिक पौधे रोपे। डीएफओ संतराम ने बताया कि पौधे सुरक्षित स्थानों पर रोपे गए थे। जंगली जानवर, चुगान से आग से किसी तरह का नुकसान नहीं हुआ। संवाद