सिंचाई विभाग की लापरवाही दुगड्डा ब्लाक के किसानों पर भारी पड़ रही है। लापरवाही का आलम यह है कि विगत दो माह से क्षेत्र की नहर सूखी हुई है। किसान करीब 200 बीघा खेतों में सिंचाई नहीं कर पा रहे हैं। समस्या के समाधान में सिंचाई विभाग अपना कार्य दूसरे विभाग पर थोप कर अपनी जिम्मेदारियों से मुंह मोड़ रहा है। शिकायत के बाद भी विभाग समस्या का समाधान नहीं कर रहा है जिसके कारण किसानों में विभाग के खिलाफ आक्रोश व्याप्त है।
विकासखंड दुगड्डा के अंतर्गत सिंचाई विभाग की ग्राम बागी में वर्ष 1978-79 में बनी सिंचाई नहर (कैनाल) विभाग की लापरवाही के कारण दो माह से ठप है। खेतों में पानी नहीं आने से गेहूं, जौ, मटर आदि की बुआई नहीं कर पा रहे हैं। बागी बडी के पूर्व प्रधान गुलाब सिंह नेगी और हेंवल घाटी विकास समिति के सचिव मनोज गुसाईं ने बताया कि 2 माह पूर्व से पौखाल-भवासी मोटर मार्ग के डामरीकरण एवं सुधारीकरण का कार्य चल रहा था, उस समय मोटर मार्ग से मलबा नहर पर चला गया जिससे नहर जगह-जगह अवरुद्ध हो गयी है। इस संबंध में कई बार सिंचाई विभाग तथा एडीबी से शिकायत दर्ज करायी गयी, लेकिन उस पर कोई कार्रवाई नहीं हो रही है। इस सिंचाई नहर से 200 बीघे खेतों की सिंचाई की जाती है, लेकिन नहर नहीं होने से ग्रामीणों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
सिंचाई विभाग के जेई सुनील शर्मा ने बताया कि दुगड्डा-एडीबी की ओर से पौखाल-भवासी मोटर मार्ग की कटिंग की गयी थी जिसका मलबा सिंचाई नहर के ऊपर आ गिरा। इस संबंध में कई बार एडीबी के अधिकारियों को अवगत कराया गया, लेकिन उस पर कोई कार्रवाई नहीं हो पायी है।