प्रदेश की सीमाओं पर सख्ती से चेकिंग न होने से उत्तर प्रदेश से आकर लोग गली-मोहल्लों में समान बेच रहे हैं। इन लोगों के पास न तो आरटीपीसीआर की रिपोर्ट है और न ही वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट। व्यापारियों ने ऐसे दो लोगों को पुलिस को सौंपा तो पता चला उनके साथ दो लोेग और थे। ऐसे में दोनों अन्य युवकों को भी बुलाया गया और चारों युवकों का चालान कर उन्हें चेतावनी देकर छोड़ दिया गया।
व्यापार सभा अध्यक्ष दिनेश असवाल और व्यापारी मुकेश अग्रवाल बुधवार को 2 युवकों को लेकर कोतवाली पहुंचे। दोनों युवक शहर में कपड़े के मास्क बेच रहे थे। युवकों ने बताया कि वह मुजफ्फरनगर (यूपी) से आए हैं जबकि उनके दो साथी रुद्रप्रयाग चले गए हैं। गढ़वाल आते वक्त सिर्फ रुड़की बैरियर पर चेकिंग हुई थी। वहां भी केवल शरीर का तापमान चेक किया गया था। उनसे आरटीपीसीआर रिपोर्ट के बारे में किसी ने नहीं पूछा। एसएसआई रणवीर रमोला ने दोनों युवकों से अपने साथियों को वापस बुलाने के लिए कहा। बाद में चारों का ढाई सौ-ढाई सौ का चालान कर वापस भेज दिया गया। इधर, व्यापार सभा अध्यक्ष असवाल और महामंत्री अमित बिष्ट ने कहा कि बाहर से आकर यहां सामान बेचने वालों पर व्यापार सभा नजर रखे हुए है। उन्होंने होटल व्यवसायियों से अनुरोध किया कि कमरा देने से पहले बाहर से आने वालों की सूचना पुलिस को जरूर दें।