श्रीनगर। राजकीय मेडिकल कॉलेज श्रीनगर में पहली बार संकाय सदस्यों (फैकल्टी) को अपडेट करने के लिए दो प्रशिक्षण कार्यक्रम चलेेंगे। उक्त प्रशिक्षण एमसीआई (भारतीय आयुर्विज्ञान परिषद) की ओर से नियुक्त पर्यवेक्षक की देखरेख में चलेंगे। प्रशिक्षण कार्यशाला 24 जून से शुरू होगी।
एमसीआई मेडिकल के पाठ्यक्रम और पढ़ने-पढ़ाने के तौर-तरीकों में काफी बदलाव कर रही है। अब एमबीबीएस के छात्र-छात्राओं को सैद्धांतिक पढ़ाई के बजाय प्रयोगात्मक पढ़ाई पर जोर दिया जा रहा है। साथ ही छात्रों को स्थानीय भाषाओं पर पकड़ बनाने और मरीजों से बेहतर संवाद भी सिखाया जा रहा है। इसी परिप्रेक्ष्य में एमसीआई के नोडल ऑफिस हिमालयन अस्पताल जॉलीग्रांट में राजकीय मेडिकल कॉलेज श्रीनगर के पांच संकाय सदस्यों को प्रशिक्षण दिलाया गया था। उक्त संकाय सदस्य अब संस्थान के अन्य संकाय सदस्यों को प्रशिक्षण देंगे। कॉलेज के प्राचार्य प्रो. सीएम रावत ने बताया कि पहली बार कॉलेज में ऐसे में प्रशिक्षण कार्यक्रम होंगे। पहली प्रशिक्षण कार्यशाला 24 जून से 27 जून तक चलेेगी। इसमें 27 संकाय सदस्य रिवाइज्ड बेसिक कोर्स का प्रशिक्षण लेंगे। जबकि दूसरी कार्यशाला सीआईएसपी (पाठ्यक्रम क्रियान्वयन सह कार्यक्रम) पर आधारित है। यह कार्यशाला 28 से 30 जून तक चलेगी। इसमें 30 संकाय सदस्य प्रतिभाग करेंगे।