किच्छा। स्वतंत्रता संग्राम सेनानी एवं उत्तराधिकारी संगठन के वार्षिक समारोह में स्वतंत्रता सेनानी परिवार की बुजुर्ग महिलाओं को सम्मानित किया गया। इस मौके पर देशभक्ति गीतों लोगों में देशभक्ति का जज्बा भरा गया।
बुधवार को चुकटी के राजकीय इंटर कालेज में आयोजित सम्मान समारोह में किच्छा की विद्या देवी, शांतिपुरी की पार्वती ठठोला, इंद्रपुर की गुलायची देवी व गदरपुर के ग्राम प्रेमनगर निवासी रजनी देवी को मुख्य अतिथि विधायक राजेश शुक्ला और आयोजकों ने शाल ओड़ाकर सम्मानित किया। इस कार्यक्रम में कुल 17 स्वतंत्रता सेनानी परिवारों की बुजुर्ग महिलाओं को सम्मान दिया जाना था लेकिन भीषण ठंड के चलते सिर्फ चार महिलाएं ही कार्यक्रम में पहुंचीं । आयोजक संगठन के प्रदेश उपाध्यक्ष जगत सिंह परिहार व संरक्षक प्रताप सिंह धानक ने बताया कि पूरे प्रदेश में 25 दिसंबर को स्वतंत्रता सेनानी परिवारों को सम्मानित किया जाता है। इससे पूर्व विधायक शुक्ला ने कार्यक्रम का शुभारंभ किया। ग्रामीण महिलाओं ने देश भक्ति के गीतों से स्वतंत्रता संग्राम उत्तराधिकारियों का स्वागत किया।
इस मौके पर सभासद रणजीत सिंह नगरकोटी, विपिन जल्होत्रा, आशा वर्मा, चक्रवर्ती जोशी, कमलेंद्र सेमवाल, नवल शर्मा, नंदा बल्लभ पाठक, हरी सिंह, हरीश पांडेय, केशव तिवारी, संजय परिहार, दीपक परिहार, कमला परिहार, हंसी बिष्ट, खष्टी तिवारी आदि थे।
जिले की कार्यकारिणी का गठन किया गया
किच्छा। स्वतंत्रता सेनानी एवं उत्तराधिकारी संगठन की जिला कार्यकारिणी का गठन किया गया, जिसमें प्रताप सिंह धानक और देवनाथ वर्मा संरक्षक, मनोहर चंद लोहनी जिलाध्यक्ष, राजवीर मिश्रा जिला उपाध्यक्ष, हंसी बिष्ट सचिव, हेमा बोरा उपसचिव, गणेश चंद्र पांडेय जिलामंत्री, सुभाष मिश्रा रुद्रपुर ब्लाक अध्यक्ष, प्रमोद सिंह गदरपुर ब्लाक अध्यक्ष, हरेंद्र पांडेय जिला कोषाध्यक्ष व भगत सिंह मनराल और सैयद हसन कार्यकारिणी सदस्य मनोनीत किए गए।
सरकार से मांग की
किच्छा। बैठक में विधायक शुक्ला के माध्यम से प्रदेश सरकार से स्वतंत्रता सेनानी परिवारों को राष्ट्रीय परिवार घोषित करने, उत्तराधिकारियों में प्रथम पीढ़ी में कोई जीवित ना हो तो दूसरी पीढ़ी को प्रथम के समान सुविधा देने, उत्तराधिकारियों को दस प्रतिशत आरक्षण देने, पहली पीढ़ी की पेंशन 4000 से 10000 रुपये करने, प्रथम पीढ़ी को परिवहन विभाग द्वारा प्रदत्त छूट में एक साथ में सहचर देने, रुद्रपुर ब्लाक में स्वतंत्रता संग्राम सेनानी स्मारक का सौंदर्यीकरण करने व उस पर सेनानियों के नाम अंकित करने की मांग की गई है।