हल्द्वानी। जीएसटी रिटर्न भरने वाले कारोबारियों को रिटर्न दाखिल करने के लिए सहज, सरल और सुगम फार्म का अभी छह महीने और इंतजार करना होगा। जीएसटी काउंसलिंग की बैैठक में इसे अक्तूबर से लागू करने का निर्णय लिया गया है। पहले एक अप्रैल से इसे लागू किया जाना था।
सहज, सरल और सुगम फार्म में पांच करोड़ से नीचे का रिटर्न दाखिल करने वाले कारोबारी को तिमाही और पांच करोड़ से ऊपर रिटर्न दाखिल करने वालों को मासिक रिटर्न जमा करने की सुविधा मिलनी थी लेकिन अब इसे अक्तूबर से लागू किए जाने की संभावना है।
टैक्स बार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष सुमित गुप्ता ने बताया जीएसटी काउंसलिंग की बैठक में यह निर्णय लिया गया है। अब नई व्यवस्था के तहत छोटे कारोबारियों को 2017-18 के वार्षिक रिटर्न दाखिल करने में लेट फीस नहीं लगेगी साथ ही 2018-19 का वार्षिक रिर्टन जमा करने की तिथी 31 मार्च 2020 से बढ़ाकर 30 जून 2020 कर दी गई है।
कारोबारियों के लिए जीएसटीआर1 और जीएसटी आर3बी को पूर्व की भांति दाखिल करने की व्यवस्था भी की गई है। इसी के साथ ई- इन्वाइस और क्यूआर कोड को एक अक्ूतबर 2020 से लागू करने का भी निर्णय लिया गया है। प्रांतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल उत्तराखंड के जीएसटी प्रदेश प्रभारी राजेश अग्रवाल और व्यापार मंडल प्रदेश अध्यक्ष नवीन चंद्र वर्मा ने भी जीएसटी काउंसिल की बैठक में केंद्रीय वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा रिटर्न दाखिल करने की तिथि बढ़ाने का स्वागत किया है। उनका कहना है कि यह फैसला व्यापारियों के हित में है।