हल्द्वानी। पर्वतीय जिलों के फंसे 1200 लोग श्रमिक स्पेशल ट्रेन से सोमवार देर रात 10 बजे काठगोदाम रेलवे स्टेशन पहुंचेंगे। ट्रेन सूरत से सोमवार सुबह चार बजे काठगोदाम रेलवे स्टेशन के लिए रवाना होगी। इसके लिए प्रशासन और रेलवे अधिकारियों ने तैयारी शुरू कर दी है। स्टेशन परिसर में यात्रियों की स्क्रीनिंग के बाद बसों से कुमाऊं के विभिन्न जिलों में रवाना किया जाएगा।
डीएम बंसल ने रविवार देर शाम कैंप कार्यालयों में अधिकारियों के साथ बैठक की। बंसल ने मंडलीय रेल प्रबंधक से कहा कि काठगोदाम रेलवे स्टेशन पर पेयजल आपूर्ति, पर्याप्त रेलवे पुलिस बल की तैनाती, रेलवे स्टेशन पर लाइट व्यवस्था, स्वच्छ शौचालय, घोषणा के लिए माइक सेट, स्टेशन में प्रवेश और निकासी स्थानों पर रेलवे पुलिस बल की तैनाती करेंगे। सीडीओ विनीत कुमार को सभी व्यवस्थाओं का प्रभारी बनाया गया है। एसएसपी सुनील कुमार मीणा, एडीएम प्रशासन कैलाश टोलिया, एसडीएम विवेक राय हल्द्वानी, सीएमओ डॉ. भारती राणा, आरएम परिवहन निगम यशपाल सिंह और आरटीओ राजीव मेहरा, अपर परियोजना निदेशक ग्राम विकास एवं मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी को अलग-अलग जिम्मेदारी सौंपी गई है।
व्यवस्थाओं का जायजा
हल्द्वानी। एसडीएम विवेक राय और सिटी मजिस्ट्रेट प्रत्यष सिंह ने रविवार को काठगोदाम स्टेशन का जायजा लिया। एसडीएम राय ने बताया कि आने वाले लोगों के स्वास्थ्य परीक्षण, भोजन व्यवस्था, बसों को भेजने की व्यवस्था आदि की योजना बनाई गई। वहां, एसीएमओ डॉ. रश्मि पंत, आरटीओ राजीव मेहरा, एएसपी अमित श्रीवास्तव, स्टेशन अधीक्षक काठगोदाम चयन राय, एआरटीओ प्रवर्तन डॉ. गुरदेव सिंह, ईई लोनिवि आदि थे।
स्टेशन परिसर में लगाई जाएंगी बसें
हल्द्वानी। यात्रियों के लिए रेलवे स्टेशन परिसर में 20 से अधिक बसें गंतव्य तक पहुंचाने के लिए लगाई जाएंगी। बसों से यात्रियों को क्वारंटीन सेंटर और पहाड़ों के लिए रवाना किया जाएगा। बसें रेलवे स्टेशन परिसर के मुख्य रास्ते से प्रवेश करेंगी, जबकि बाहर दूसरी ओर जाएंगी। इसके लिए दीवार तोड़कर रास्ता बनाया जाएगा। स्टेशन परिसर में कंट्रोल रूम भी बनेगा।
वापस खाली जाएगी ट्रेन
हल्द्वानी। सूरत से काठगोदाम आने वाली ट्रेन खाली वापस भेजी जाएगी। ट्रेन के सभी कोचों को लॉक करने के बाद ही वापस रवाना किया जाएगा। इसमें किसी भी यात्री को नहीं भेजा जाएगा।
सबसे अधिक हल्द्वानी के लोग
भाजपा प्रदेश प्रवक्ता प्रकाश रावत ने कहा कि मुख्यमंत्री के प्रयास से गुजरात के सूरत से 1200 लोग ट्रेन से माध्यम से लाए जा रहे हैं। इनमें अल्मोड़ा के 119, बागेश्वर के 291, चंपावत के छह, हल्द्वानी के 462, नैनीताल के 48 पिथौरागढ़ के 254, रानीखेत के चार, ऊधमसिंह नगर के 16 लोग शामिल हैं।
एमबी इंटर कॉलेज से 292 पास जारी
हल्द्वानी। दूसरे राज्यों में जाने वाले लोगों को पास जारी किए जा रहे हैं। अब तक 20 हजार लोगों को पास जारी किए जाने का अनुमान है। रविवार को 292 लोगों के पास एमबी इंटर कॉलेज से जारी किए गए। एआरटीओ विमल पांडे ने बताया कि पहले लॉकडाउन सख्त था इसलिए बहुत ही जरूरी कारणों पर ही पास जारी किए जा रहे थे। अब जब ढील दी गई है तो ज्यादा लोगों के पास बनाए जा रहे हैं।
गुरुग्राम से 1800 लोगों को लेकर पहुंचीं 52 बसें
हल्द्वानी। गुरुग्राम से लोगों को लेकर आ रही रोडवेज की बसें रविवार को आंधी और बारिश के चलते प्रदेश के बॉर्डर पर काफी देर तक फंसी रहीं। हालांकि मौसम के कुछ साफ होने पर 52 बसें गुरुग्राम से 1800 लोगों को लेकर गौलापार स्टेडियम के पास बने अस्थाई बस अड्डे पर पहुंचीं। इनमें से 33 बसों से 1100 यात्रियों को अल्मोड़ा और बागेश्वर भेज दिया गया। वहीं 700 लोगों को स्टेडियम में रोक लिया गया। उन्हें सोमवार की सुबह भेजा जाएगा। दोपहर बाद आई आंधी और बारिश की वजह से यात्रा को रोकना पड़ा। वहीं शनिवार को गुरुग्राम से 31 बसों में आए एक हजार लोगों को तड़के ही पिथौरागढ़ के लिए भेजा गया। उधर, तीनपानी स्थित बैंक्वेट हॉल पर बने स्टॉप प्वाइंट पर गुजरात के राजकोट से आई निजी बस को सुरक्षा कर्मियों ने रोक लिया। कर्मियों ने बस चालक को वापस जाने को कहा। बस में 31 यात्री सवार थे। हालांकि पर्याप्त कागज दिखाने के बाद यात्रियों की स्वास्थ्य जांच कराई गई और आगे जाने दिया गया।