बदहाल सुशीला तिवारी अस्पताल के हालत सुधरने के आसार नहीं दिखाई दे रहे हैं। न्यूरो सर्जरी के बिना लौट रहे मरीज अस्पताल के कुप्रबंधन से परेशान हैं। हालांकि चिकित्सा-शिक्षा सचिव ने न्यूरो सर्जरी में पिछले छह माह से टाली गई सर्जरी के संबंध में चिकित्सा-शिक्षा निदेशक से रिपोर्ट तलब की है।
एसटीएच में कुछ डॉक्टरों की मनमानी के चलते न्यूरो सर्जरी के लिए आने वाले मरीजों को निराश लौटना पड़ रहा है। पिछले सप्ताह दो मरीजों को बिना सर्जरी के लौटा दिया गया। चिकित्सा-शिक्षा सचिव/मंडलायुक्त डी सैंथिल पांडियन ने चिकित्सा-शिक्षा निदेशक डॉ. आशुतोष स्याना और मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. सीपी भैसोड़ा को तलब किया था।
अस्पताल में चल रही मनमानी और शनिवार को बिना आपरेशन के लौटाई गई जानकी के मामले में जवाब-तलब किया। पांडियन ने बताया कि डॉ. स्याना को निर्देश दिए हैं कि एक सप्ताह के भीतर रिपोर्ट दें कि जानकी की सर्जरी क्यों नहीं की गई। साथ ही पिछले छह माह से न्यूरो सर्जरी के बिना कितने मरीज अस्पताल से लौटाए गए। डॉ. स्याना ने बताया कि प्राचार्य से इस मामले में रिपोर्ट देने को कहा है।