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नियमितीकरण की रिपोर्ट तो भेजी, पर आदेश नहीं आया

Fri, 30 Dec 2016 01:56 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला ब्यूरो
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कॉलोनी - फोटो : अमर उजाला
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राज्य सरकार ने कई इलाकों में सरकारी जमीनों पर काबिज लोगों के मालिकाना हक को लेकर शासनादेश जारी किए हैं, किन्तु रामनगर की चार कॉलोनियों के लिए नियमितीकरण का आदेश न आने से लोगों में निराशा है। लोगों ने आचार संहिता लगने से पहले शासनादेश जारी करने की मांग की है। तहसील प्रशासन द्वारा कॉलोनियों के सभी मकानों एवं जमीनों का ब्यौरा जिलाधिकारी को भेजा जा चुका है।
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गौरतलब है कि रामनगर में कॉलोनियों के मकानों और जमीनों के नियमितीकरण का मुद्दा काफी बड़ा है। इसे लेकर बड़ा जन आंदोलन भी हो चुका है। पंपापुरी, भरतपुरी, दुर्गापुरी, कौशल्यापुरी के लोग कई साल से इसकी मांग कर रहे हैं। सितंबर में शहीद पार्क पर लगातार 22 दिन तक अनशन और आंदोलन चलाया गया था।

हम के संयोजक यशपाल रावत और इन्दर महरा द्वारा आमरण अनशन भी किया गया था। बाद में मुख्यमंत्री कार्यालय ने हस्तक्षेप करके आंदोलन स्थगित करवाया था। खुद सीएम हरीश रावत ने प्रतिनिधिमंडल को देहरादून बुलवाकर सभी मांगो पर कार्यवाही की बात कही थी और अनशन स्थल पर सलाहकार रणजीत रावत ने पहुंचकर आंदोलन ख़त्म कराते हुए आश्वासन दिया था कि जल्द ही कॉलोनियों को विनियमित करके मालिकाना अधिकार दिया जायेगा।
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आंदोलनकारी खफा हैं कि प्रदेश में कई जगहों के लिए राजस्व विभाग द्वारा मालिकाना हक के लिए 26 दिसंबर को आदेश जारी हुए हैं मगर उनमे रामनगर की इन कॉलोनियों का जिक्र नहीं है। आंदोलन के दौरान मुख्यमंत्री ने प्रदेश में हर किस्म की राजस्व भूमि पर बसे लोगो को मालिकाना अधिकार देने की घोषणा की थी।

उसके बाद जिलाधिकारी दीपक रावत के आदेश पर चारो कॉलोनियों का विस्तृत सर्वेक्षण कराया गया। यहां निवास कर रहे 1450 परिवारों के मकानों की पैमाइश तहसील प्रशासन द्वारा करवाकर जिलाधिकारी कार्यालय को भेज दी गयी हैं, जिसमे कब्जेदारों के बारे में पूरा विवरण दिया गया है। एसडीएम कार्यालय में वर्ग 10 क तथा अन्य किस्म की जमीनों में बसे प्रत्येक निवासी का नाम, पता और कब्जा का वर्ष दर्ज कर लिया है।

वही एसडीएम पारितोष वर्मा ने बताया इस मामले की रिपोर्ट डीएम को भेजी जा चुकी है आदेश आते ही नियमितीकरण की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी। क्षेत्र के सैकड़ों लोगों द्वारा नियमितरकरण की नीति निर्धारित न होने के कारण नगर पालिका मे अपने भवन करों की अदायगी नहीं की गई है। लोक कल्याण समिति के अध्यक्ष गणेश रावत ने इस पर नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि लोगों के सब्र की परीक्षा ली जा रही है। यदि जल्द आदेश जारी नही किया गया तो आंदोलन किया जाएगा।
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