हल्द्वानी। कांग्रेस विधायक सुमित हृदयेश का कहना है कि अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने के लिए कांग्रेस ने पहले दिन से ही सड़क से लेकर सदन तक निरंतर संघर्ष किया। यह लड़ाई केवल एक राजनीतिक आंदोलन नहीं बल्कि न्याय, संवेदना और मानवता की आवाज थी जो धीरे-धीरे एक व्यापक जन आंदोलन में परिवर्तित हुई। इस आंदोलन ने सरकार को बता दिया कि जनता की आवाज और अंकिता के माता-पिता की पीड़ा को अनसुना नहीं किया जा सकता। यहां जारी एक बयान में सुमित ने कहा कि जनदबाव और सतत संघर्ष के परिणामस्वरूप सीबीआई जांच के आदेश देना स्वागतयोग्य कदम है। उन्होंने कहा कि इससे अंकिता को निष्पक्ष, पारदर्शी न्याय मिलेगा तथा इस जघन्य अपराध में शामिल सभी दोषियों को कठोरतम सजा मिल सकेगी। माई सिटी रिपोर्टर
जन आंदोलन ने जगाया तब मिली सीबीआई जांच की मंजूरी
हल्द्वानी। कांग्रेस नेता ललित जोशी ने अंकिता हत्याकांड की सीबीआई जांच को मंजूरी मिलने पर इसे जनता जनार्दन की ऐतिहासिक जीत बताया। उन्होंने कहा कि जन आंदोलन ने सरकार को जगाने का सराहनीय काम किया। अगर पूर्व में ही धामी सरकार अपना अड़ियल रवैया छोड़ कर सीबीआई जांच करवा देती तो जनता को परेशान नहीं होना पड़ता। संवाद
भाकपा-माले सड़क पर उतरेगी
हल्द्वानी। भाकपा-माले कार्यकर्ता अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने के लिए 11 जनवरी को सड़क पर उतरेंगे। जिला सचिव कैलाश पांडे ने कहा कि इस प्रकरण में जिन वीआईपी के नाम सामने आ रहे हैं, उन्हें सरकार को सार्वजनिक करना चाहिए। उन्होंने दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग उठाई है। प्रदेश भर में भाकपा माले और अन्य वामपंथी पार्टियां अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने के लिए सड़क पर उतरेंगीं।