हाईकोर्ट ने गंगा में हो रहे प्रदूषण के मामले में सरकार को चार सप्ताह में जवाब दाखिल करने के निर्देश दिए हैं। मुख्य न्यायाधीश केएम जोसेफ एवं न्यायमूर्ति वीके बिष्ट की संयुक्त खंडपीठ के समक्ष बुधवार को मामले की सुनवाई हुई। मामले के अनुसार भारतीय जागरूकता समिति के अध्यक्ष व अधिवक्ता ललित मिगलानी ने हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर कर कहा कि गंगा में गिरने वाले नालों और सीवर से नदी प्रदूषित हो रही है। याची ने हाईकोर्ट से गंगा में हो रहे प्रदूषण को रोकने की गुहार लगाई है। ब्यूरो