हल्द्वानी। प्रांतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल उत्तराखंड के प्रदेश अध्यक्ष और प्रदेश महामंत्री का चुनाव 22 दिसंबर को हल्द्वानी में होगा। व्यापार मंडल के वर्तमान प्रदेश अध्यक्ष अनिल गोयल की संस्तुति पर प्रदेश महामंत्री नवीन चंद्र वर्मा ने प्रमोद गोयल को मुख्य चुनाव अधिकारी एवं एनसी तिवारी, राजेश अग्रवाल को चुनाव अधिकारी मनोनीत किया है। चुनाव की प्रक्रिया 10 से 22 दिसंबर तक चलेगी।
शुक्रवार को मुख्य चुनाव अधिकारी प्रमोद गोयल ने प्रेस कांफ्रेंस में बताया कि प्रादेशिक चुनाव कार्यक्रम घोघित करने के साथ ही अधिसूचना जारी कर दी गई है। चुनाव 22 दिसंबर को रामपुर रोड स्थित क्रिस्टल लॉन में कराया जाएगा। इसमें प्रांतीय कार्यकारिणी के सदस्य जिनमें प्रदेश कार्यकारिणी का मंत्रिमंडल, जिलों, महानगरों, नगरों, तहसीलों के अध्यक्ष एवं महामंत्री वोट डालेंगे और इनके नाम 14 दिसंबर को प्रकाशित मतदाता सूची में शामिल होंगे।
मुख्य चुनाव अधिकारी गोयल, चुनाव अधिकारी एनसी तिवारी एवं राजेश अग्रवाल ने बताया कि निष्पक्ष चुनाव करवाने के लिए चुनाव संचालन समिति का गठन किया गया है। इसमें अश्विनी छाबड़ा, राम सिंह बसेड़ा, रवेल सिंह आनंद, मोहन सिंह बोरा, महेंद्र प्रकाश सेमवाल, रामपाल गंगोला को शामिल किया गया है। 22 नवंबर को चुनाव घोषित होते ही प्रदेश कार्यकारिणी के सभी पद भंग समझे जाएंगे। इसमें प्रदेश कार्यकारिणी के सभी चयनित एवं मनोनीत पदाधिकारी, जिला इकाइयों के पदाधिकारी, तहसीलों, कस्बों और मनोनीत सलाहकार समिति, महिला इकाईयां एवं युवा शामिल हैं।
उन्होंने बताया कि चुनाव आचार संहिता लागू होने के चलते अब प्रदेश अध्यक्ष, महामंत्री, जिलाध्यक्ष, जिला महामंत्री कोई भी नीतिगत निर्णय नहीं ले सकेंगे। प्रेस वार्ता में चुनाव संचालन समिति के रवेल सिंह आनंद, राम सिंह बसेड़ा, मोहन सिंह बोरा, नैनीताल जिले के अध्यक्ष विपिन गुप्ता एवं जिला महामंत्री हर्षवर्धन पांडे मौजूद थे।
प्रादेशिक चुनावी कार्यक्रम - 2019
- मतदाता सूची का प्रकाशन - 10 दिसंबर
- मतदाता सूची पर आपत्ति - 12 दिसंबर
- संशोधित मतदाता सूची का प्रकाशन - 14 दिसंबर
- नामांकन की तिथि - 15 दिसंबर (सुबह 10 से अपराह्न 3 बजे तक)
- नामांकन प्रपत्रों की जांच - 15 दिसंबर को शाम 5 बजे तक
- नाम वापसी - 16 दिसंबर (सुबह 10 से 3 बजे तक)
- मतदान - 22 दिसंबर (सुबह 9 से शाम 4 बजे तक)
- मतगणना - 22 दिसंबर
- चुनाव परिणाम - 22 दिसंबर को मतगणना के तुरंत बाद