कांग्रेस में अंदरूनी कलह खत्म नहीं हुई है। शुक्रवार को आईएसबीटी के मंच से विवाद का जो गुबार उठा था, उसके और बढ़ने के आसार हैं। विवाद के केंद्र बिंदु रहे राष्ट्रीय सचिव प्रकाश जोशी ने शनिवार को वित्त मंत्री के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है।
आईएसबीटी के शिलान्यास कार्यक्रम में कुर्सी और सम्मान न मिलने पर प्रकाश जोशी मंच पर बिफर पड़े थे। उसके बाद जब मंच पर पूछा गया कि क्या हुआ? तो वे ‘कुछ नहीं हुआ’ कहते हुए चले गए थे।
शायद मौके की नजाकत रही होगी या राजनैतिक कदम, जो उस वक्त उन्होंने सवाल पर चुप्पी साध ली। सीएम ने भी विवाद के बाद सुरक्षा कर्मियों पर कार्रवाई की बात कहते हुए मामले को निपटाने की कोशिश की।
बहरहाल, शनिवार को जोशी ‘फ्रंट फुट’ पर आए। विवाद से सीएम को दूर करते हुए उन्होंने कैबिनेट मंत्री डॉ. इंदिरा हृदयेश को निशाने पर लिया। बोले, उनकी सीएम से कोई नाराजगी नहीं थी, जिसका अर्थ निकाला जा रहा है कि नाराजगी की वजह वित्त मंत्री डॉ. इंदिरा हृदयेश हैं।
प्रकाश जोशी का आरोप है कि मंच पर उनके ‘ड्रांइग रूम के शोपीस’ वालों को जगह दी गई, लेकिन जो कांग्रेस से जुड़े हैं, वह लोग नीचे खड़े थे, इस अपमान को कम से कम वह तो नहीं सकते थे।
वहीं, वित्त मंत्री डॉ. इंदिरा हृदयेश का कहना है कि किसी को जानबूझकर अपमानित, उपेक्षित करने का कोई इरादा नहीं था। यह पता नहीं था कि वह सीएम के साथ कार्यक्रम में आ रहे हैं। 10 हजार की भीड़ थी, ऐसे कार्यक्रम में लोगों को सहयोग करना चाहिए।