गौलापार में बिजली न होने से दो ट्यूबवेल चालू नहीं हो सके। इससे करीब दो हजार घरों में पानी आपूर्ति ठप हो गई। हजारों की आबादी को पेयजल किल्लत से जूझना पड़ा।
सोमवार को गौलापार बिजली के पोलों की मरम्मत के चलते गौला बैराज में बिजली आपूर्ति नहीं हो सकी। इसी गौला हेड से काठगोदाम स्थित शीतलाहाट फिल्टर प्लांट में पानी आपूर्ति होती है। 5.5 एमएलडी क्षमता के इस प्लांट से काठगोदाम, नई बस्ती, ड्यूरा, अनगढ़ में करीब पांच-छह हजार की आबादी को पेयजल दिया जाता है।
बिजली आपूर्ति बंद होने से गौला हेड का पंप चालू नहीं किया जा सका। इससे शीतलाहाट प्लांट में भी पानी नहीं दिया जा सका। प्लांट सूखा रहने से एक हजार से ज्यादा घरों में पानी आपूर्ति प्रभावित हो गई। पांच से छह हजार की आबादी को पेयजल संकट से जूझना पड़ा।
हालांकि जल संस्थान ने टैंकर भेजकर राहत देने की कोशिश की लेकिन हजारों की आबादी में एक टैंकर ऊंट के मुंह में जीरा साबित हुआ। वहीं गौला पार स्थित कुंवरपुर में भी बिजली के अभाव में ट्यूबवेल चालू नहीं हो सका।
इस ट्यूबवेल से कुंवरपुर, लछमपुर, खेड़ा, चोरगलिया का कुछ हिस्से में पानी आपूर्ति प्रभावित हुई। यहां भी दो से तीन हजार की आबादी को पेयजल किल्लत से जूझना पड़ा। हैरत की बात तो यह है कि ट्यूबवेल चालू नहीं होने के बाद भी जल संस्थान ने यहां पानी का टैंकर नहीं भेजा।
गुस्साए ग्रामीणों ने पेयजल के लिए जल संस्थान के अधिकारियों से शिकायत भी की लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ। देर सायं तक ग्रामीण बिजली आने का इंतजार करते रहे। एई आरपी डोबवाल ने बताया कि गौला हेड व गौला पार में बिजली नहीं होने से पंप चालू नहीं किए जा सके। बिजली विभाग के अधिकारियों से जल्द से जल्द बिजली आपूर्ति देने की मांग की गई है।