हल्द्वानी। राजकीय मेडिकल कॉलेज के छात्रावास और मैस के पास सोमवार को एमबीबीएस के सीनियर और जूनियर छात्रों के दो गुटों में मारपीट के मामले को कॉलेज प्रशासन ने गंभीरता से लिया है। दोषी छात्रों को हॉस्टल के निकालने और उन पर आर्थिक दंड लगाने का भी निर्णय लिया गया है। इस मामले में अनुशासन समिति की बैठक भी हुई जिसमें मारपीट करने वाले छात्रों को पहली नजर में दोषी माना गया। मामले की जांच के लिए तीन सदस्यीय कमेटी बना दी गई है। कमेटी को एक हफ्ते में रिपोर्ट देने के लिए कहा गया है।
प्राचार्य डॉ. अरुण जोशी की अध्यक्षता में हुई बैठक में कमेटी को सीसीटीवी फुटेज, बयान आदि सभी पहलुओं की जांच करने के लिए कहा गया है। मारपीट में शामिल छात्रों को कुछ समय के लिए हास्टल से निकालने और पांच हजार या उससे अधिक आर्थिक दंड लगाने का भी निर्णय लिया गया। प्राचार्य ने बताया कि मेडिकल कालेज का माहौल खराब करने पर कमेटी सख्त है। दोषी छात्रों के परिजनों को बुलाकर उनको जानकारी दी जाएगी और इंक्वायरी कमेटी की रिपोर्ट के आधार पर ऐसे छात्रों पर लिए जा रहे एक्शन के बारे में भी बताया जाएगा।
प्राचार्य ने बताया कि बैठक में दोषी छात्रों को फरवरी-मार्च में होने वाली परीक्षा में नहीं बैठने दिए जाने का विकल्प भी रखा गया है। यही नहीं दूसरे गुट के परिजनों को भी बुलाया जा रहा है। जांच कमेटी की रिपोर्ट के आधार पर यदि उनके बच्चों की गलती भी सामने आती है तो उनके खिलाफ भी इसी प्रकार की कार्रवाई की जाएगी।
कॉलेज प्रशासन का अब भी रैगिंग से इन्कार
प्राचार्य के अनुसार यह सीनियर और जूनियर छात्रों के बीच आपस की लड़ाई है। उन्होंने बताया कि प्रत्येक हॉस्टल में एंटी रैगिंग पोर्टल बनाया गया है। अगर छात्रों ने यहां शिकायत की होगी तो पोर्टल से जारी पत्र उनके पास आएगा और तब रैगिंग के लिए बनाए प्रावधानों के अनुसार कार्रवाई होगी।
कॉलेज परिसर से दोपहिया और चौपहिया वाहन हटाने का नोटिस
मेडिकल कॉलेज परिसर में छात्रों के दोपहिया और चौपहिया वाहनों पर प्रतिबंध पहले से है लेकिन फिर भी परिसर में दिनभर दोपहिया वाहन घूमते रहते हैं। कॉलेज प्रशासन ने छात्रों के लिए 24 घंटे में कॉलेज परिसर से दोपहिया और चौपहिया वाहन हटाने का भी नोटिस जारी किया है। प्राचार्य ने बताया कि 24 घंटे में वाहन नहीं हटाने पर मुकदमा दर्ज किया जाएगा। परिसर में सिगरेट पीने की शिकायत भी सामने आई है। इस पर प्राचार्य ने एक्शन लेने की बात कही है।