भीमताल (नैनीताल)। जिले के धारी और ओखलकांडा क्षेत्र के ग्रामीणों ने ब्लाक में बाहरी व्यक्तियों के जमीन की खरीद फरोख्त पर पूरी तरह से रोक लगाने की मांग उठाई है। ग्रामीणों का कहना है कि लगातार हो रही जमीन की खरीद फरोख्त से पर्यावरण को नुकसान होने के साथ साथ लोग अपनी पुरातन धरोहरों को खो रहे हैं।
गुनियालेख के प्रधान संजय पांडे के नेतृत्व में ग्रामीणों द्वारा उपजिलाधिकारी रेखा कोहली को दिए ज्ञापन में कहा है कि पहाड़ों के बीच बसे धारी और ओखलकांडा ब्लाक के गांव और तोक अपने आप में असीम प्राकृतिक सुंदरता को समाए हुए हैं। यहां के ग्रामीणों की मुख्य आजीविका कृषि और दुग्ध उत्पादन है।
इन क्षेत्रों में प्राचीन धरोहर और आस्था के कई केंद्र व मंदिर आदि स्थापित हैं। पर्यटन के लिहाज से भी यह क्षेत्र बेहद अहम हैं। ग्रामीणों का कहना है कि अब धारी और ओखलकांडा के गांवों में प्रापर्टी डीलरों की नजर है और वह ग्रामीणों को बहला फुसलाकर औने पौने दामों में जमीन की खरीद फरोख्त कर बाहरी व्यक्तियों को जमीन बेचने की साजिश रच रहे हैं।
उन्होंने उपजिलाधिकारी से बाहरी व्यक्तियों को जमीन की खरीद फरोख्त पर सख्ती से रोक लगाने की मांग की है। ज्ञापन देने वालों में संजय पांडे समेत जीवन बर्गली, रमेश चन्द्र, नारायण सिंह, गोकुल आर्या, मुकेश, दीपक, जीवन शर्मा, मुकुल, चन्द प्रकाश व पंकज आदि थे।