हल्द्वानी। सुशीला तिवारी अस्पताल में चेकअप कराने गई महिला को हड्डी रोग विभाग की एक डॉक्टर ने बाहर की दवा लिख दी। यह नहीं, इंजेक्शन लगाने के लिए दोपहर बाद निजी अस्पताल भी बुला लिया।
पत्रकार भुवन जोशी के मुताबिक उनकी पत्नी भगवती देवी के घुटने में सूजन थी। वह बुधवार को एसटीएच गईं। डाॅक्टर ने पर्चे में जो दवा लिखी वह बाहर की लिख दी। उसके बाद एक इंजेक्शन लगवाने को भी कहा। बताया कि वह दो बजे के बाद मुखानी स्थित निजी अस्पताल में मिलेंगी, वह इंजेक्शन लगवा लेना। सरकार से वेतन लेने के साथ चिकित्सक को नॉन अलाउंस प्रैक्टिस का पैसा भी दिया जाता है। उसके बाद इस तरह चिकित्सक का सरकार के आदेशों का पालन न करना सवाल उठाता है। इस पर प्राचार्य डॉ. अरुण जाेशी ने कहा, संबंधित डॉक्टर को सचेत कर दिया गया है कि मरीज के साथ इस तरह का व्यवहार अमान्य है। संबंधित की तरफ से लिखित शिकायत पहुंचेगी तो जांच कर कार्रवाई भी की जाएगी। संवाद